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महासमुंद में मां दुर्गा को समर्पित होगी एक किलोमीटर लंबी चुनरी

महासमुंद। नवरात्री की शुरूआत हो चुकी है। पूरी दुनिया में हिन्दु धर्म को मानने वाले लोग देवी की आराधना में लगे हैं। लोग अपने-अपने तरीके से जगत जननी मां दुर्गा के प्रति अपनी श्रद्धा प्रकट कर रहे हैं। इसी कड़ी में छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिला मुख्यालय से करीब 100 किमी दूर गढ़फुलझर में भव्य आयोजन हो रहा है। शारदीय नवरात्र के पहले दिन यहां स्थित रणेश्वर रामचंडी मंदिर में करीब 10 हजार श्रद्धालुओं की मौजूदगी में एक किमी लंबी चुनरी माता को चढ़ाई जाएगी। इस चुनरी को लेकर एक भव्य शोभा यात्रा मंदिर के लिए रवाना हो रही है।

कोलता समाज की कुलदेवी हैं मां रणेश्वरी रामचंडी

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रणेश्वर रामचंडी देवी को कोलता समाज की कुलदेवी व सर्वसमाज की अधिष्ठात्री देवी माना जाता है। गढ़फुलझर में देवी का ऐतिहासिक मंदिर स्थित है। इस मंदिर को लेकर यह मान्यता है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर मनोकामना पूरी होती है। चुनरी यात्रा दोपहर करीब 12 बजे मंगल भवन से रवाना हुई है, जो शाम करीब साढ़े 4 बजे माता के मंदिर में पहुंचेगी। यहां चुनरी माता को समर्पित की जाएगी।

ऐसी है माता की यह चुनरी

करीब 60 हजार रुपये की लागत से यह विशेष चुनरी सूरत (गुजरात) के कारीगरों ने तैयार की है। सुर्ख लाल रंग की इस चुनरी में गोटे और मोतियों की बेहतरीन कारीगरी की गई है। चुनरी यात्रा के साथ 30 कीर्तन पार्टी, 40 मृदंग दल, दो घंटा पार्टी, सुवा नृत्य, पंथी नृत्य और राउत नाचा दल भी शामिल हुए हैं जो इस यात्रा को और भी खास बना रहे हैं। जैसे-जैसे यात्रा आगे बढ़ रही है, लोगों की भीड़ भी बढ़ती जा रही है।