मुख्यमंत्री सामूहिक कन्यादान विवाह योजना में 297 नवयुगलों ने थामा एक दूजे का हाथ, भीषण गर्मी में परेशान हुए वर बधू पक्ष के लोग, नाबालिक बच्चों से कराया काम, अव्यवस्थाओं का रहा अंबार! खाना पड़ गया कम, सब्जी में पानी डालकर चलाया काम
रहटगांव: हरदा जिले के रहटगांव में जनपद पंचायत टिमरनी के द्वारा आयोजित मुख्यमंत्री सामूहिक कन्यादान विवाह भ्रष्टाचार, अनियमितता और प्रशासन के जिम्मेदार जनपद पंचायत सीईओ की अनदेखी लापरवाही के कारण भेट चढ़ गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि टिमरनी विधायक अभिजीत शाह, भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश वर्मा, पूर्व विधायक संजय शाह भी पहुंचे। मुख्य अतिथियों के द्वारा वर वधु को नए वैवाहिक जीवन की बधाई शुभकामनाएं दी गई।
मुख्य अतिथियों के द्वारा वर वधु को 49 हजार रुपए राशि के चेक वितरित किए गए।
मध्यप्रदेश के मुखिया मोहन यादव के नाम से आयोजित इतने बड़े आयोजन के नाम पर लाखो रुपए सरकारी रिकॉर्ड में बिल बाउचर लगाकर जिम्मेदार अधिकारी निकालेंगे। लेकिन जमीनी हकीकत देखेंगे तो ये कार्यक्रम ठेकेदार और पेटी कांट्रेक्टर ठेकेदार के द्वारा किए गए कार्यों जैसा दिखाई दिया।
भीषण गर्मी में मात्र 3 कुलर वो भी सिर्फ मंच पर अतिथियों के लिए रखे गए। भीषण गर्मी में वर बधू पक्ष से आए मेहमानों के लिए कोई उत्तम व्यवस्था आयोजकों के द्वारा नहीं की गई।भोजन व्यवस्था भी फेल हो गई। आखिरी समय सब्जी में पानी डालकर व्यवस्था बनाई गई।
भीषण गर्मी में बच्चे बुजुर्ग महिलाएं परेशान हुई।
मुख्यमंत्री सामूहिक कन्यादान योजना में लगभग 7 लाख रुपए का टेंट खर्च बताया जा रहा है। लेकिन व्यवस्थाओं के नाम ओर कोई खास इंतजाम नहीं दिखाई दिए।
नाबालिक बच्चों से कराया काम
सामूहिक विवाह कार्यक्रम में वनांचल से छोटे छोटे बच्चों को पांच सो रुपए मजदूरी का कहकर लाया गया। जिनसे भीषण गर्मी में काम कराया गया।
बच्चों ने बताया कि ठेकेदार ने पांच सो रुपए रोज में मजदूरी का बोलकर लाए है।
सरकारी कार्यक्रम में श्रम विभाग के आदेशों निर्देशों की खुलेआम धज्जियां उड़ाई गई। लेकिन किसी भी दिखती इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया।
मीडिया द्वारा जब इन अव्यवस्थाओं को लेकर जिम्मेदार अधिकारियों से उनका पक्ष जानना चाहा तो ऑफिस मिलने आ जाना कहकर पल्ला झाड़ते दिखाई दिए।
मालूम हो कि जनपद पंचायत टिमरनी सीईओ की कार्यशैली पर लगातार सवाल उठ रहे है। पूर्व में भी लगातार उन पर उनके अधीनस्थ भ्रष्ट अधिकारियों के संरक्षण के आरोप चर्चा का विषय रहे है। इतने बड़े आयोजन में लाखों रुपए के बंदर वाट का अंदेशा है।
देखना होगा कि जिला कलेक्टर सिद्धार्थ जैन इस मामले में क्या कार्यवाही करवाते है।
उक्त कार्यक्रम के वीडियो फोटो ग्राफ मकड़ाई एक्सप्रेस के पास भी मौजूद है। प्रशासन निष्पक्ष जांच करे। हम सहयोग करेंगे।

