गरीबदास श्यामलाल ने शुरू की लाभकारी फसलों की खेती
हरदा : ग्रामीण क्षेत्र के मेहनती कृषक श्री गरीबदास श्यामलाल की आजीविका का मुख्य स्रोत कृषि है। वर्षों से खेती कर रहे गरीबदास को भूजल स्तर में गिरावट और सिंचाई के पानी की कमी से जूझना पड़ता था। वर्षा का अधिकांश पानी बहकर निकल जाता था और गर्मी में कुआं सूखने की कगार पर पहुंच जाता था। इससे फसल उत्पादन प्रभावित होता था और अतिरिक्त खर्च बढ़ जाता था।
वित्तीय वर्ष 2025-26 में जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत मनरेगा से श्री गरीबदास को डगवेल रिचार्ज कार्य की स्वीकृति मिली। इसका उद्देश्य वर्षा जल को संरक्षित कर भूजल स्तर बढ़ाना और कुएं में सालभर पानी बनाए रखना था। सहायक यंत्री एवं उपयंत्री के मार्गदर्शन में रिचार्ज संरचना का समयबद्ध निर्माण किया गया।
रिचार्ज पिट, फिल्टर सामग्री और जल निकासी व्यवस्था बनाई गई ताकि वर्षा जल का अधिकतम संचयन हो सके। वर्षा ऋतु में बड़ी मात्रा में पानी भूगर्भ में पहुंचा और कुएं का जलस्तर बढ़ने लगा।
डगवेल रिचार्ज कार्य के परिणामस्वरूप श्री गरीबदास के कुएँ में पानी की उपलब्धता में उल्लेखनीय सुधार हुआ। पहले जहाँ गर्मी के मौसम में कुआँ लगभग सूखने की स्थिति में पहुँच जाता था, वहीं अब लंबे समय तक पर्याप्त जल उपलब्ध रहने लगा है। इसके कारण उन्हें फसलों की सिंचाई नियमित रूप से करने में सुविधा मिली।
जल उपलब्धता बढ़ने से उन्होंने परंपरागत फसलों के साथ-साथ अधिक लाभकारी फसलों का भी उत्पादन प्रारंभ किया। फसल उत्पादन में वृद्धि होने से उनकी आय में सुधार हुआ तथा कृषि लागत में कमी आई। परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत हुई और कृषि के प्रति उनका विश्वास भी बढ़ा।
डगवेल रिचार्ज कार्य से न केवल श्री गरीबदास को लाभ हुआ, बल्कि आसपास के क्षेत्र में भी जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ी। अन्य किसानों ने भी वर्षा जल संचयन और भूजल संवर्धन के महत्व को समझा।
भूजल स्तर में सुधार होने से पर्यावरण संरक्षण को भी बढ़ावा मिला तथा जल संसाधनों का सतत उपयोग सुनिश्चित हुआ। वित्तीय वर्ष 2025-26 में स्वीकृत डगवेल रिचार्ज कार्य श्री गरीबदास श्यामलाल के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध हुआ। इस पहल ने उनकी सिंचाई संबंधी समस्याओं का समाधान किया, कृषि उत्पादन बढ़ाया और आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ बनाया।

