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Big Breaking: निजी अस्पताल के डॉक्टरों ने जिस महिला को मृत घोषित किया, अंतिम संस्कार से पहले हो गई जिंदा, पति रह गया हैरान, जाने कहा का है मामला

हमीरपुर : यूपी के हमीरपुर जिले में एक हैरत अंगेज खबर सामने आई जहा कैंसर से पीड़िता महिला को इलाज के दौरान डॉक्टरों ने मृत घोषित कर शव को लपेट कर परिजनो को दे दिया। परिजन भी महिला के अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे थे। पूरे रिश्तेदार और गांव के लोग महिला के अंतिम संस्कार की तैयारी में लगे थे। की अचानक महिला उठ कर बैठ गई। और पानी मांगा। महिला को जिंदा देखकर परिवार वालो का खुशी का ठिकाना नही रहा। लेकिन मृत्यु के बाद जिंदा होकर 18 दिन परिवार के साथ महिला रहने के बाद फिर उसने दम तोड दिया।

यह पूरा मामला उत्तर प्रदेश राज्य के राठ कोतवाली के सदर गांव का है। ब्लड कैंसर से ग्रसित महिला रहती थी। मृतका को 18 दिन पहले जालंधर के निजी अस्पताल ने मृत घोषित कर दिया था। डॉक्टरों ने ‘शव’ को परिजनों को सौंप दिया था. मगर रास्ते में महिला की सांसें चलने लगीं | जिसे देख परिजनों में खुशी की लहर दौड़ गई. लेकिन अब 18 दिन बाद महिला की मृत्यु हो गई है. उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया है।

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बता दें कि अनीता नाम की महिला कैंसर पेशेंट थी। उसका पति मातादीन रैकवार मजदूर है। दोनो पति पत्नी एक दूसरे से बहुत प्रेम करते थे। अनीता को 18 दिन पूर्व जालंधर के निजी अस्पताल ने मृत घोषित कर दिया था और डॉक्टरों ने शव को पैक कर के दे दिया था. पति मातादीन एंबुलेंस से शव लेकर आ रहा था | तभी बीच रास्ते अनीता की सांसें चलने लगीं | वो उठकर बैठ गई थी और पानी मांगा था. पत्नी को जिंदा देख कर पति की खुशी का ठिकाना नहीं रहा था |

लेकिन उसकी खुशी ज्यादा दिन तक टिक नहीं सकी। अनीता ने बीते बुधवार को घर परिवार के छोड़कर भगवान के घर चली गई। उसका अंतिम संस्कार बुधवार दोपहर को किया गया।