नई दिल्ली। अमेरिका सरकार ने टैरिफ के बीच एक बड़ी डील की है। यह डील दिग्गज चिप मेकर कंपनी इंटेल और यूएस सरकार के बीच हुई है। अमेरिकी सरकार ने संघर्षरत चिप निर्माता कंपनी इंटेल में करीब 10 फीसदी हिस्सेदारी ले ली है और इसमें 8.9 अरब डॉलर का निवेश किया है। यह घोषणा राष्ट्रपति ट्रंप और इंटेल ने शुक्रवार को संयुक्त रूप से की है। इस समझौते को लेकर ट्रंप ने कहा- इट्स ए ग्रेट डील।
बता दें इंटेल ने 2025 में 25,000 नौकरियों में कटौती की योजना बनाई है। जुलाई में नए सीईओ लिप-बू टैन ने चेतावनी दी थी कि अब कोई खाली चेक नहीं है। ट्रंप ने इस समझौते की घोषणा करते हुए ट्रुथ सोशल पर घोषणा पर लिखा- मुझे यह बताते हुए बहुत गर्व हो रहा है कि संयुक्त राज्य अमेरिका अब इंटेल के 10 फीसदी हिस्से का पूर्ण स्वामित्व और नियंत्रण रखता है, जो एक महान अमेरिकी कंपनी है और जिसका भविष्य और भी शानदार है। इसमें टैक्स प्रेयर का कोई खर्च नहीं आया। उन्होंने लिखा- अमेरिका ने इन शेयरों के लिए कुछ भी भुगतान नहीं किया और अब इन शेयरों का मूल्य करीब 11 अरब डॉलर है। यह अमेरिका के लिए और इंटेल के लिए भी एक बड़ा सौदा है। अमेरिकी सरकार को यह हिस्सेदारी पहले जारी किए गए 11.1 अरब डॉलर के फंड और गिरवी रखे गए शेयरों के ट्रांसफर के जरिए मिल रही है। कुल मिलाकर ट्रंप सरकार को 433.3 मिलियन गैर-वोटिंग शेयर मिल रहे हैं। इन शेयरों की कीमत जिनकी कीमत 20.47 डॉलर प्रति शेयर है। शुक्रवार को बाजार बंद भाव 24.80 डॉलर से कम है। अमेरिकी सरकार को पहले ही 1.9 अरब डॉलर का लाभ हो चुका है।

