मकड़ाई एक्सप्रेस 24 दिल्ली। अमेरिका से बम फटने की घटना सामने आई है। मिडिया सूत्रो के हवाले से खबर सामने आई है कि रविवार को कोलोराडो के बोल्डर में यहूदी लोगों पर आग के बम फेंके गए और साथ ही ‘फ्री फलस्तीन ‘ के नारे भी लगाए गए। अचानक फेंके गए बम से में वहां मौजूद कई लोग घायल हुए हैं।जिन्हे स्थानीय प्रशासन ने अस्पताल पहुंचाया है
6 बुजुर्ग हुए घायल
अमेरिका पुलिस ने कोलोराडो में हुए एक हमले के बाद एक संदिग्ध पुरुष को हिरासत में लिया गया है। एफबीआई निदेशक काश पटेल ने इसे ‘लक्षित आतंकी हमला’ करार दिया है। एफबीआई ने बताया कि 67 से 88 साल के छह लोग इस हमले में घायल हुए हैं, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
संदिग्ध का नाम मोहम्मद सबरी सोलिमा
अमेरिका पुलिस की हिरासत में संदिग्ध के बारे कोलोराडो के अटॉर्नी जनरल फिल वीजर ने कहा कि हमले में लक्षित समूह को देखते हुए एक ‘घृणित अपराध’ प्रतीत होता है। एफबीआई ने संदिग्ध की पहचान 45 वर्षीय मोहम्मद सबरी सोलिमा के रूप में की है।
गाजा-इजराईल युध्द की प्रतिक्रिया
यह घटना गाजा में इजरायल के युद्ध को लेकर अमेरिका में बढ़ते तनाव के बीच हुई है, जिसके कारण यहूदी विरोधी घटनाओं बढ़ गई हैं, साथ ही राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के नेतृत्व में इजरायल के रूढ़िवादी समर्थकों की तरफ से फलस्तीनी विरोध प्रदर्शनों को यहूदी विरोधी करार देने के प्रयास भी बढ़ गए हैं।
प्रत्यक्षदर्शी ने क्या कहा
इस घटना के सम्बंध मे वहा मौजूद 19 साल की लड़की ने बताया पूरा दृश्य वहीं बोल्डर की घटना की गवाह बनी कोलोराडो विश्वविद्यालय की 19 साल की ब्रुक कॉफमैन ने इस घटना के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने बताया उसने चार महिलाओं को पैरों में जलन के साथ जमीन पर लेटे या बैठे देखा। उन्होंने ये भी बताया कि उनमें से एक महिला के शरीर का अधिकतर हिस्सा बुरी तरह जल गया था और उसे किसी ने झंडे में लपेट दिया था।
धार्मिक स्थलों पर पुलिस की तैनाती
फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। न्यूयॉर्क सिटी पुलिस विभाग ने रविवार रात कहा कि वह शवोत के लिए धार्मिक स्थलों पर अधिकारियों की तैनाती बढ़ा रहा है।

