शिवपुरी। मध्य प्रदेश के कई जिलों में मूसलाधार बारिश हो रही है। अधिकांश जगह बारिश का कोटा जुलाई में ही फुल हो गया है। कई जिलों में नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। प्रदेश के ज्यादातर डैम ओवरफ्लो हो गए हैं। सिंध नदी में आई बाढ़ के चलते शिवपुरी में हालात इतने ज्यादा खराब हो गए कि लोगों को रेस्क्यू करने के लिए सेना को बुलाना पड़ा। सेना ने 2 दिन में हजारों लोगों का रेस्क्यू किया। स्थानीय लोगों ने सेना को सम्मान के साथ विदा किया।
झांसी से पहुंची सेना की टीम
जिले में हुई मूसलाधार बारिश और उसके बाद आई बाढ़ से हालात इतने ज्यादा खराब हो गए की सेना को बुलाना पड़ गया। उत्तर प्रदेश के झांसी जिले से सेना की टीम यहां पहुंची। मेजर विनय गांगुली इस टीम को लीड कर रहे थे। सेना की टीम ने यहां पहुंचते ही बाढ़ में फंसे लोगों को बचाया।
सेना की टीम ने पहुंचते ही बाढ़ग्रस्त इलाकों में मोर्चा संभाला और लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर करीब 500 लोगों की जान बचाई। सेना के जवान शिवपुरी के हर उस गांव में पहुंचे जहां प्रशासन और दूसरी रेस्क्यू टीमें नहीं पहुंच पा रहीं थी। सेना के जवानों ने गांव के उन लोगों को घरों तक पहुंचाया जो सिंध नदी में उफान के कारण 24 घंटे से ज्यादा समय से दूसरे गांवों में नदी के दूसरी ओर फंसे हुए थे।

