jhankar
ब्रेकिंग
बिग न्यूज हरदा : गहाल में 6 वर्षीय मासूम की मौत से सनसनी, घर के अंदर जमीन खोदकर निकाला शव , चाचा पु... हर-हर महादेव के जयघोष से गूंजा हरदा, विधायक डॉ. दोगने के नेतृत्व में निकली भव्य कांवड़ यात्रा प्रोफाइल लगाकर खुद को कृषि विभाग का अधिकारी बताने का आरोप, कृषि विस्तार अधिकारी ने थाने में की शिकाय... श्री गुरू रविदास समरसता संकल्प अभियान एवं यात्रा दलहन आत्म निर्भरता मिशन के तहत दाल मिल एवं प्रोसेसिंग यूनिट की स्थापना हेतु आवेदन आमंत्रित हंडिया : श्रावण सोमवार पर नगर भ्रमण पर निकले भगवान श्री रिद्धनाथ महादेव,,,, राष्ट्रीय मत्स्य पालन डिजीटल प्लेटफार्म अंतर्गत ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन प्रारम्भ ड्राई डे पर आबकारी विभाग की सर्जिकल स्ट्राइक जिले भर में ताबड़तोड़ चेकिंग कर 12 मामले दर्ज किये ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों के आसपास कचरा न दिखे, गीले-सूखे कचरे के पृथक-पृथक संग्रह की हो व्यवस्था बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के तहत किशोरी बालिकाओं ने किया शासकीय संस्थाओं का भ्रमण

नोटों से भरे तीन ट्रक भिड़े, महिला सिपाही फंसी, क्रेन व कटर से काटकर एक घंटे में निकाला गया, हालत गंभीर

मकड़ाई समाचार चंडीगढ़। नोटों से भरे रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) के पांच ट्रकों के काफिले में आगे-पीछे चल रहे दूसरे, तीसरे और चौथे नंबर के ट्रक सेक्टर-26 चौक के पास आपस में टकरा गए। टक्कर इतनी भीषण थी कि तीसरा और चौथा ट्रक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। चौथा ट्रक आगे चल रहे तीसरे ट्रक के पिछले हिस्से में जा घुसा, जिसमें सवार महिला सिपाही अंदर फंस गई। राहगीरों ने उसे निकालने की कोशिश की, लेकिन असफल रहे। बाद में क्रेन और कटर की मदद से पुलिस ने महिला सिपाही को करीब एक घंटे बाद बाहर निकाला। उसकी हालत गंभीर है। देर रात तक पीजीआई में उसकी सर्जरी जारी थी। वहीं, तीसरे ट्रक में सवार एक पुरुष सिपाही भी घायल हुआ है। उसे सेक्टर-16 के अस्पताल में दाखिल कराया गया है। पुलिस ने लापरवाही बरतने और तय दूरी न रखने के आरोप में ट्रक चालक तेजिंदर सिंह और गुरबेज सिंह के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।

सोमवार को आरबीआई के पांच ट्रक रेलवे स्टेशन से सेक्टर-17 स्थित आरबीआई दफ्तर जा रहे थे। ट्रकों में रुपये होने के चलते आगे पीछे पुलिस की गाड़ियां थीं। करीब दो बजे ट्रांसपोर्ट चौक से आगे निकलते ही सेक्टर-26 चौक से पहले यातायात की वजह से आगे चल रही पुलिस की गाड़ी ने ब्रेक लगा दिया। ऐसे में पीछे चल रहे पहले और दूसरे ट्रक भी अचानक रुक गए। तीसरे ट्रक के चालक ने भी ब्रेक लगाया लेकिन दूसरे नंबर के ट्रक से टकरा गया। वहीं, तीसरे और चौथे ट्रक भी आपस में भिड़ गए। हालांकि चौथे ट्रक के चालक ने बचने के लिए दाहिनी साइड में कट मारा लेकिन दुर्घटनाग्रस्त होने से नहीं बचा सका।

जोरदार टक्कर से तीसरे ट्रक में बैठा सिपाही राम सिंह घायल हो गया, जबकि चौथे ट्रक में बैठी महिला सिपाही पपीता अंदर ही फंस गई। लोगों ने तत्काल 112 पर कॉल किया और फंसे सिपाहियों को निकालने की कोशिश शुरू कर दी। महिला सिपाही की कमर से नीचे का हिस्सा गाड़ी के इंजन में बुरी तरह से फंसा था और वह चीखते-चीखते बेहोश हो गई। सफलता नहीं मिली तो पुलिस ने क्रेन और दमकल की गाड़ियां बुलाईं। क्रेन से पहले दोनों ट्रक को अलग किया गया और फिर कटर से ट्रक का हिस्सा काटकर सिपाही पपीता को बाहर निकाला। उसे सेक्टर-16 के अस्पताल ले गए, जहां से पीजीआई रेफर कर दिया गया। वहीं, राम सिंह के पैर में फ्रैक्चर है। बाद में क्षतिग्रस्त ट्रकों से रुपयों से भरे बॉक्स दूसरी गाड़ियों में रखकर भिजवाए गए।

महिला सिपाही की दोनों टांगों की हड्डियां चकनाचूर, देर रात तक जारी रही सर्जरी

हादसे के बाद महिला सिपाही पपीता को पहले सेक्टर-16 और वहां से पीजीआई की इमरजेंसी में दाखिल कराया गया। जब कटर से उसे निकाला गया तो उसके दोनों टांगों की हड्डियां चकनाचूर हो चुकी थीं। देर रात तक डाक्टरों की ओर से उसकी सर्जरी जारी थी। डाक्टरों ने बताया कि सर्जरी के बाद बताया जा सकेगा कि वह दोबारा से अपने पैरों पर खड़ी हो पाएगी या नहीं।

दो घंटे तक बाधित रहा यातायात

- Install Android App -

अचानक हादसे से मध्य मार्ग का यातायात रुक गया। गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तत्काल यातायात के मार्ग में बदलाव किया। गाड़ियों को ट्रांसपोर्ट चौक से ही ट्रिब्यून चौक और बापूधाम की तरफ मोड़ दिया गया। इससे करीब दो घंटे तक यातायात बाधित रहा।

नहीं आ सका परिवार का कोई सदस्य

हादसे में घायल 25 वर्षीय महिला आरक्षक पपीता मूलरूप से हरियाणा के रेवाड़ी की रहने वाली है। हाल ही में हुई 520 आरक्षकों की भर्ती में उसका चयन हुआ था। वर्तमान में वह किशनगढ़ में रहती है। उसकी तैनाती पुलिस लाइन में है। सोमवार को आरबीआई के ट्रकों के साथ उसकी ड्यूटी थी। पुलिसकर्मियों ने पपीता की बात घर वालों से करवाने की कोशिश की, लेकिन सभी ने चंडीगढ़ में आने में असमर्थता जता दी। पपीता के पिता का हाल ही में निधन हुआ है। घर में मां के अलावा एक बड़ी बहन है, जिसकी शादी हो चुकी है। जब उसकी बात करवाई तो उसने कहा कि उसका हाल ही में बच्चा हुआ है। ऐसे में वह नहीं आ सकती। साथ ही उसने इस घटना की जानकारी मां से बताने को भी मना कर दिया। छोटा भाई भी है, लेकिन वह भी काफी छोटा है।

मौके पर मौजूद लोगों ने पुलिस पर भी लापरवाही का आरोप लगाया। प्रत्यक्षदर्शी मौलीजागरां निवासी रॉबर्टस विलियम ने बताया कि सूचना देने के लगभग 40 मिनट बाद पुलिस मौके पर पहुंची। अपनी कर्मचारी के मुसीबत में होने के बावजूद क्रेन को भी देरी से बुलाने का आरोप लगाया है। वहीं, अग्निशमन विभाग में वर्तमान में मुख्य अग्निशमन अधिकारी का प्रभार किसी के पास नहीं है। सूचना के बाद मौके पर सब फायर अफसर ही पहुंचे, स्टेशन फायर ऑफिसर ने वहां जाने की जहमत नहीं उठाई। हालांकि इस दौरान मौके पर पहुंची महिला सिपाही लगातार फाइल से ही पपीता को हवा करती रही। साथ ही अन्य लोग भी उसे हौसला देते रहे।

क्या कहते हैं अधिकारी

मामले में प्राथमिक तौर पर चालकों की लापरवाही सामने आई है। दो ट्रकों के चालकों ने उचित दूरी नहीं रखी थी, इस कारण हादसा हुआ। दोनों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। मामले में जांच चल रही है।

-केतन बंसल, एसपी सिटी