बड़ी खबर: ईरान-अमेरिका युद्धविराम की उम्मीद, होर्मुज खुलने से तेल की कीमतें गिर सकती हैं | भारत को होगा दोहरा फायदा
मकडा़ई एक्सप्रेस 24 नई दिल्ली सूत्रों के हवाले से बड़ी खबर आ रही है। दावा किया जा रहा है कि ईरान और अमेरिका ने पहली बार एक साथ आधिकारिक तौर पर युद्धविराम का एलान कर दिया है। हालांकि अभी तक व्हाइट हाउस या तेहरान से कोई औपचारिक संयुक्त बयान जारी नहीं हुआ है। _मिडिल ईस्ट के जानकारों के मुताबिक 20 जून को इस पर आधिकारिक घोषणा संभव है_।
क्या है दावा.. ?
1. होर्मुज जलडमरूमध्य खुलेगा : युद्धविराम के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से आवाजाही सामान्य होने की उम्मीद है। इसी रास्ते से दुनिया का 20% तेल गुजरता है।
2. ईरान पर प्रतिबंध हटेंगे : ईरानी कच्चे तेल के निर्यात पर लगे अमेरिकी प्रतिबंध हटाए जा सकते हैं।
3. तेल 85 से 45 डॉलर तक आ सकता है : सप्लाई बढ़ने से कच्चे तेल की कीमतें $85 प्रति बैरल से गिरकर $45 तक आने का अनुमान लगाया जा रहा है।
भारत को कैसे होगा डबल फायदा?
1. सस्ता कच्चा तेल : ईरान दुनिया का इकलौता बड़ा तेल उत्पादक है जो भारत को रुपये में भी कच्चा तेल बेचता है। डॉलर पर निर्भरता कम होगी।
2. पेट्रोल-डीजल सस्ते होने की उम्मीद : अगर कच्चा तेल 45 डॉलर तक आता है और रुपये में भुगतान बढ़ता है, तो भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतें काफी घट सकती हैं। इससे महंगाई पर भी लगाम लगेगी।
अभी आधिकारिक पुष्टि बाकी
फिलहाल यह खबर सोशल मीडिया और कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में चल रही है। _अमेरिका-ईरान डील पर अभी सस्पेंस है_। G7 सम्मेलन में भी इस मुद्दे पर चर्चा हो रही है। विदेश मंत्रालय और पेट्रोलियम मंत्रालय की तरफ से कोई बयान नहीं आया है।
बैकग्राउंड : पिछले हफ्ते होर्मुज के पास अमेरिकी हमले में 3 भारतीय नाविकों की मौत हुई थी। उसके बाद से ही तनाव कम करने की कोशिशें तेज थीं।
तेल की कीमतें OPEC+ के फैसले, डॉलर-रुपया दर और टैक्स पर भी निर्भर करती हैं। इसलिए आम जनता को राहत कब और कितनी मिलेगी, यह आधिकारिक एलान और केंद्र के फैसले के बाद ही साफ होगा।

