jhankar
ब्रेकिंग
बेटी ने 2 दशक पहले कुआं खोदकर बाबुल को दिया था जलस्रोत का उपहार ! हरदा, टिमरनी और रहटगांव मंडी में 36 हजार क्विंटल से अधिक उपज की आवक, जानिए फसलों के ताजा भाव धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत आवेदन आमंत्रित विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण 2027 के तहत राजनैतिक दलों की बैठक 22 अक्टूबर को होगी किसानों सिंचाई संबंधी समस्याओं के निराकरण हेतु संभागीय कार्यालय टिमरनी में सिंचाई प्रकोष्ठ गठित किसानों सिंचाई संबंधी समस्याओं के निराकरण हेतु सिंचाई प्रकोष्ठ गठित मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान के तहत 23 अक्टूबर को रहटगांव में लगेगा शिविर कार्बाइड गन के विक्रय एवं उपयोग पर रोक लगाने के निर्देश हजारों की भीड़ में रामभक्ति की गूंज के साथ हुआ रावण दहन खरीफ-रबी फसलों एवं पराली प्रबंधन चर्चा हेतु किसान संगठनों की बैठक 22 अक्टूबर को होगी

बांग्लादेश ने टी20 विश्वकप का बहिष्कार किया, भारत में नहीं खेलेगी टीम

ढ़ाका। बांग्लादेश सरकार ने टी20 विश्व कप क्रिकेट टूर्नामेंट का बहिष्कार करने की घोषणा की है। बांग्लादेश सरकार के फैसले के बाद बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) टी20 विश्व कप से हट गयी है। है। बांग्लादेश ने ये फैसला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के मैच स्थल भारत से बाहर रखे जाने की उसकी मांग खरिज करने के बाद लिया है। बीसीबी ने कहा है कि वर्तमान हालातों में वह अपनी टीम को सुरक्षा कारणों से भारत नहीं भेज सकता। बोर्ड के अनुसार खिलाड़ियों और अंतरिम सरकार के खेल सलाहकार के बीच हुई अहम बैठक के बाद विश्वकप से हटने का फैसला किया गया है। इससे पहले आईसीसी ने कहा था कि या तो बांग्लादेश खेलने के लिए तैयार हो या बाहर जाये।

- Install Android App -

इसके बाद एक बैठक में बीसीबी के वरिष्ठ अधिकारियों, राष्ट्रीय टीम के खिलाड़ियों और अंतरिम सरकार के खेल सलाहकारों की बैठक हुई। इसमें आइसीसी के फैसले पर बात हुई। इसके बाद बीसीबी की ओर से कहा गया कि बांग्लादेश भारत में नहीं खेलने के अपने रुख पर बना हुआ है। साथ ही कहा कि मौजूदा हालातों में टीम भारत नहीं जाएगी, चाहे विश्कप से बाहर ही होना पड़े। बैठक के बाद खेल सलाहकार आसिफ नज़रुल ने कहा कि आईसीसी ने बांग्लादेश के साथ न्याय नहीं किया है। उन्होंने कहा कि यह मामला सिर्फ क्रिकेट कार्यक्रम या टूर्नामेंट प्रतिबद्धताओं तक सीमित नहीं है। साथ ही कहा कि , खिलाड़ियों की सुरक्षा सबसे ऊपर अै। इससे किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता। नज़रुल ने यह भी साफ किया कि बांग्लादेश दबाव में झुकने वाला नहीं है।

वहीं इससे पहले गत दिवस आईसीसी ने बीसीबी की आयोजन स्थल बदलने की मांग ठुकरा दी है। साथ ही कहा था कि टी20 विश्वकप का कार्यक्रम तय हो गया है और इसमें अंतिम समय पर बदलाव नहीं किया जा सकता है। वहीं बीसीबी ने कहा कि उसकी सुरक्षा से जुड़ी चिंताओं पर आईसीसी ने ध्यान नहीं दिया। । इसी वजह से बोर्ड ने अपना रुख बदलने से इनकार कर दिया है। बीसीबी ने कहा था कि उसके मैच श्रीलंका में रख दिये जायें। बीसीबी अधिकारियों का कहना है कि यह मांग किसी राजनीतिक एजेंडे से प्रेरित नहीं है, बल्कि खिलाड़ियों की सुरक्षा और मानसिक शांति को ध्यान में रखकर की गई है। वहीं आईसीसी इससे सहमत नहीं दिखी। बीसीबी ने कहा कि टीम के कई सदस्यों ने भारत जाने को लेकर असहजता जताई है। बोर्ड ने माना कि टूर्नामेंट से बाहर होने से उसे आर्थिक नुकसान होगा पर इसके लिए सुरक्षा को खतरे में नहीं डाला जा सकता।