jhankar
ब्रेकिंग
हंडिया: मीडिया के हस्तक्षेप के बाद हटाया मृत जानवर, विसर्जन कुंड पर अब भी क्रेन का इंतजार नवागत कलेक्टर कुमार सत्यम ने संभाला हरदा जिले का प्रभार मध्यप्रदेश में खाद्य सुरक्षा पर बड़ा सवाल, 42 ब्रांड का घी असुरक्षित घोषित, बिक्री पर रोक दशहरा पर्व को लेकर कलेक्टर-एसपी ने किया विसर्जन स्थलों का निरीक्षण आज 19 अक्टूबर सोमवार - शारदीय नवरात्रि का 9वाँ दिन - महा नवमी टाइगर श्रॉफ पर जुहू में फायरिंग, लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने ली जिम्मेदारी कैसा रहेगा आज मप्र का मौसम ओंकारेश्वर बंद आज से, स्थानीय लोगों की हड़ताल से तीर्थ सेवाएं प्रभावित होने के आसार जल चढ़ाने जा रही अकेली महिला को रोककर पता पूछ कर छेड़खानी- पुलिस ने पकड़ा ग्वालियर में शीतला माता मंदिर रोड पर बड़ा हादसा, बेकाबू ट्रक ने 50 से ज्यादा श्रद्धालुओं को रौंदा, 1...

Handiya News : निर्जला व्रत रख हरतालिका तीज पर सुहागिनों ने मांगा अखंड सुहाग का आशीर्वाद | 

हंडिया : सोमवार रात्रि में अखंड सौभाग्य की कामना का परम पावन व्रत हरतालिका तीज विधि-विधान के साथ मनाया गया,हरतालिका तीज व्रत के पवित्र मौके पर सुहागिनों ने निर्जला उपवास रखकर पति की दीर्घायु,सुख-समृद्धि,उन्नति,प्रगति और यश की कामना भगवान भोलेनाथ से की,धार्मिक नगरी हंडिया सहित पूरे क्षेत्र में सोमवार को हरतालिका तीज के व्रत की धूम रही,सोमवार अलसुबह सभी महिलाओं ने सोलह श्रृंगार के साथ तीज व्रत धर्म का पालन करते हुए सुहागिनों ने पूरे भक्ति भाव के साथ हरतालिका तीज व्रत किया,इस पवित्र मौके पर सौभाग्यवती महिलाओं ने पंडित जी द्वारा बताए गए शुभ मुहूर्त में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा-अर्चना की। प्रकृति और प्रेम के भाव से जुड़े इस महापर्व पर महिलाओं ने शुद्ध माटी से भगवान शिव और माता पार्वती सहित भगवान गणेश जी की प्रतिकात्मक प्रतिमाएं बनाकर कुमकुम, चावल, पुष्प, बेलपत्र,नारियल,दूर्वा,मिठाई आदि से भगवान शिव का भक्ति भाव के साथ पूजन किया,कुंआरी कन्याओं ने भी शिवजी की पूजा-अर्चना की।माताओं बहनों द्वारा निर्जल व्रत रखकर पूजा-अर्चना का सिलसिला पूरी रात्रि चलता रहा, कई घरों में सार्वजनिक फुलेरा की स्थापना भी की गई थी। जहां भगवान शिव की महिमा और धार्मिक गीत संगीत का आयोजन कर रात्रि जागरण किया गया।
फिर अगले दिन व्रती महिलाओं ने अल सुबह विधिवत पूजा अर्चना कर भगवान शिव माता पार्वती और श्री गणेश जी की प्रतिमाओं को मां नर्मदा में विसर्जित किया गया।इस दौरान पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।