jhankar
ब्रेकिंग
खेत के कुएं में मिला गुमशुदा युवक का शव, पुलिस जांच में जुटी हंडिया पुलिस की कार्रवाई: डोडा चूरा और भुक्की सहित आरोपी गिरफ्तार कन्या छात्रावास की सुविधाओं के विस्तार को लेकर विधायक कुंवर अभिजीत शाह जी की पहल बुजुर्ग मां की गुहार पर एसडीएम कोर्ट का बड़ा फैसलाः पांचों बेटों को हर महीने भरण-पोषण भत्ता देने का आ... हंडिया: वाहन चेकिंग के दौरान बाइक सवार ने ASI को मारी टक्कर, घायल स्मार्ट फिश पार्लर हेतु आवेदन आमंत्रित हरदा नगरीय क्षेत्र में 8 पार्लर आवंटित होंगे संकल्प योजना के तहत महात्मा गांधी हायर सेकेंडरी स्कूल हरदा में कॅरियर काउंसलिंग का आयोजन खुशियों की दास्ताँ :  ‘‘सच हुआ सपना, घर हुआ अपना’’ यंग लीडर्स - विकसित भारत कार्यक्रम में युवाओं ने लिया राष्ट्र निर्माण का संकल्प जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक सम्पन्न

Harda News: यह बजट जनहितैषी बजट नही हैं मंहगाई जस की तस – ओम पटेल

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मंगलवार (23 जुलाई) को मोदी सरकार 3.O का पहला बजट पेश किया. जिस पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष ओम पटेल ने कहा कि बजट यह जनहितैषी बजट नही हैं कांग्रेस के घोषणा पत्र में सभी डिप्लोमा धारकों और स्नातकों के लिए प्रोग्रामेटिक गारंटी थी, जबकि सरकार की योजना में मनमाने ढंग से लक्ष्य (1 करोड़ इंटर्नशिप) रख दिया गया है।

- Install Android App -

ओम पटेल ने बताया कि किसानों के साथ अनुचित व्यवहार किया, बजट के माध्यम से केंद्र सरकार ने देश के किसानों के साथ अनुचित व्यवहार किया गया है. कृषि बजट – जो देश की अधिकांश आबादी को प्रभावित करता है – कुल बजट का केवल 3.15% है. यह 2019-2020 के 5.44% से भी कम है. यह तब हुआ है जब एक साल तक खराब मानसून के कारण कृषि विकास दर घटी हैं लेकिन बजट ने किसानो को भी निराश किया है. वित्त मंत्रालय ने इस साल की शुरुआत में फसलों के लिए एमएसपी में वृद्धि का दावा किया था लेकिन कीमतें अभी भी स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश वाले फॉर्मूले के अनुरूप न होकर काफी कम हैं. एमएसपी को कानूनी दर्जा देने और कृषि ऋण माफी की मांग पर खामोशी बरती गई है. युवाओं महिलाओं के लिए कोई नई बात बजट में नही देखने को मिली हैं न ही महंगाई कम होने की बात कही गई हैं ।