मृतका के परिवार ने हत्या का आरोप लगाया, पुलिस जांच में जुटी
मकडा़ई एक्सप्रेस 24 इंदौर/महेश्वर। इंदौर की 20 वर्षीय नीट अभ्यर्थी निक्की यादव का शव सोमवार को खरगोन जिले के करही गांव के पास नर्मदा नदी से बरामद किया गया। परीक्षा के बाद रविवार को वह लापता हो गई थी। पुलिस शुरुआती जांच में परीक्षा के तनाव के कारण आत्महत्या की आशंका जता रही है, जबकि परिजनों ने अपहरण के बाद हत्या का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।
परीक्षा के बाद लापता, आखिरी कॉल अनजान नंबर से
लसूड़िया निवासी निक्की रविवार को महू में नीट की पुन: परीक्षा देने गई थी। पिता रामानंद यादव के अनुसार, रात करीब 8 बजे उसने एक राहगीर के फोन से कॉल कर बताया कि उसके मोबाइल की बैटरी खत्म हो गई है और वह बस से भंवरकुआं चौराहा पहुंच गई है, जल्द घर आ जाएगी। इससे पहले 7:52 बजे उसने अपनी सॉफ्टवेयर इंजीनियर बहन रूबी से बात कर बस से घर लौटने की जानकारी दी थी। देर रात तक घर न पहुंचने पर परिजनों ने सोमवार सुबह भंवरकुआं थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
शव बड़वाह के पास महेश्वर में मिला
तकनीकी जांच में निक्की के मोबाइल की आखिरी लोकेशन बड़वाह मिली, न कि इंदौर। सोमवार दोपहर करीब 2 बजे महेश्वर के पीतमली नर्मदा तट के पास ग्रामीणों ने नदी में शव तैरता देखा। करही पुलिस ने शव बाहर निकाला, जिसकी पहचान परिजनों ने कपड़ों से की।
पोस्टमार्टम में डूबने से मौत, बाहरी चोट नहीं
मंगलवार को महेश्वर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में तीन डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमार्टम किया। शुरुआती जांच में डूबने से मौत की पुष्टि हुई है। शरीर पर बाहरी चोट या जोर-जबरदस्ती के तत्काल निशान नहीं मिले। विस्तृत पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है। एएसपी शकुंतला रुहल ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला डूबने से मौत का लग रहा है।
परिवार ने आत्महत्या की थ्योरी नकारी, मोबाइल पर उठाए सवाल
परिजनों ने आत्महत्या की आशंका को सिरे से खारिज किया है। बहन रूबी का कहना है कि “पढ़ाई पर फोकस रहने वाली, सोशल मीडिया से दूर रहने वाली मेरी बहन अनजान शहर बड़वाह क्यों जाएगी.. .?”
परिवार ने दावा किया कि निक्की का बंद मोबाइल रात 10 से 12 बजे के बीच अचानक चालू हुआ था, जिससे शक गहराया है। पिता रामानंद यादव ने कहा कि डॉक्टर बनने का सपना देखने वाली उनकी बेटी आत्महत्या नहीं कर सकती।
पुलिस सभी एंगल से कर रही जांच
भंवरकुआं और करही पुलिस संयुक्त रूप से मामले की जांच कर रही है। पुलिस मोबाइल सीडीआर, महू से बड़वाह तक के सीसीटीवी फुटेज, सोशल मीडिया एक्टिविटी और निक्की के इंदौर से खरगोन पहुंचने के रूट की जांच कर रही है। एडिशनल डीसीपी अमरेंद्र सिंह ने बताया कि पिता की शिकायत पर गुमशुदगी दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।
_विशेष ध्यान दे:- यह रिपोर्ट समाचार पोर्टल्स और पुलिस बयानों पर आधारित है। जांच जारी है और अंतिम पोस्टमार्टम रिपोर्ट आना बाकी है। पुलिस आत्महत्या और हत्या दोनों एंगल से जांच कर रही है।_

