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BREAKING NEWS : 50 से ज्यादा मरी गायें तालाब में फेंकी, बदबू फैली तो जल्दबाजी में दफनाया, हडि्डयों को बेचा

गौशाला के जिम्मेदार ठंड में दम तोड़ती गायों को पीछे बने तालाब में फेंकते रहे

मकड़ाई समाचार रीवा। भोपाल के बाद अब रीवा जिले की गौशाला में गायों की मौत का मामला सामने आया है। जिले की चोरगडी गौशाला में दर्जनों गायों की हड्डियां और कंकाल मिले हैं। गौशाला रायपुर कचुर्लियान ब्लॉक में है, इसका संचालन पंचायत करती है। गौशाला के जिम्मेदार ठंड में दम तोड़ती गायों को पीछे बने तालाब में फेंकते रहे। बाद में जब बदबू फैली तो गायों के शव गड्‌ढे खोदकर दफना दिए। वहीं, कुछ की हडि्डयां बेच दी गईं। ऐसी 50 से ज्यादा गायों के कंकाल यहां मिले हैं। दो हफ्ते पहले भोपाल में BJP नेत्री की गौशाला में 80 से ज्यादा गायों के कंकाल मिले थे।

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75 से ज्यादा गायों के अब तक मरने का आरोप
सामाजिक कार्यकर्ता शिवानंद द्विवेदी का कहना है कि कुछ दिन पहले गांव वालों की सूचना पर वह खुद चोरगडी गौशाला गए थे। वहां ठंड की वजह से अब तक 75 से ज्यादा गायें मर चुकी हैं। गौशाला के जिम्मेदार गायों के शव तालाब में फेंकते रहे। गांव में जब बदबू फैली, तो लोगों के साथ वह खुद भी मौके पर पहुंचे। तालाब में 25 से 30 गायों के शव पड़े थे। साथ ही आसपास 20 से ज्यादा गायों की हड्डियां भी पड़ी हुई थीं। आनन-फानन में जिम्मेदारों ने शव गड्ढे में दफना दिए। इस बीच कई गोवंशों की हड्डियों को बेचा जा चुका था।

दो दिन पहले CEO ने किया था निरीक्षण
रायपुर कचुर्लियान जनपद पंचायत के CEO प्रदीप ​दुबे ने बताया कि मामला संज्ञान में आने के बाद दो दिन पहले चोरगडी गौशाला का निरीक्षण करने गया था। पता चला है कि मरने वाली ज्यादातर गायें गांव की हैं। गांववाले ही गोवंश के मरने पर तालाब में लाकर फेंक देते थे। वर्तमान समय में गौशाला की स्थिति अच्छी है। सबको बराबर चारा दिया जा रहा है। पशु चिकित्सक भी समय-समय पर दौरा कर गोवंश का स्वास्थ्य देख रहे हैं।