MP Weather 17 अगस्त 2026:मध्य प्रदेश में भारी बारिश का कहर जारी, हरदा-देवास-खंडवा-बैतूल में यलो अलर्ट
मकडा़ई एक्सप्रेस 24 भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय है। मौसम विभाग IMD के अनुसार आज सोमवार 17 अगस्त को प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। पश्चिमी-दक्षिणी मध्य प्रदेश पर बना लो प्रेशर एरिया और मानसून ट्रफ के कारण अगले 2 दिन तक बारिश की तीव्रता बनी रहेगी।
प्रदेश भर का मौसम
मौसम विभाग ने बताया कि 17 और 18 अगस्त को भी प्रदेश में भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा। 18 अगस्त को एक और सिस्टम एक्टिव होने से कुछ जिलों में भारी से अति भारी बारिश हो सकती है।
आज प्रदेश के 14 से ज्यादा जिलों में तेज बारिश का अलर्ट है। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर समेत अन्य जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होगी।
5 जिलों का आज का मौसम
हरदा जिले का मौसम
जिले में कुछ स्थानो पर तेज बारिश होगी और कहीं दिन भर रुक-रुक कर बारिश होगी।शहर में दिन भर आसमान मे काले बादल छाए रहेंगे। जिले का अधिकतम तापमान 28°C और न्यूनतम 24°C बारिश से निचले इलाकों में जलभराव संभव।
नर्मदापुरम जिले का मौसम
जिले में भारी बारिश का यलो अलर्ट है।जिले में घने बादल और मध्यम से भारी बारिश होगी। नर्मदा नदी के तटीय क्षेत्रों में सतर्कता बरतने की सलाह। पचमढ़ी में तापमान अन्य क्षेत्रों की तुलना में कम रहेगा।
देवास जिले का मौसम
जिले में भारी बारिश – यलो अलर्ट है । आज भारी बारिश होने की संभावना। अगले 24 घंटे में 4 इंच तक बारिश हो सकती है। इंदौर संभाग में मानसून सक्रिय होने से लगातार बौछारें पड़ेंगी।
खंडवा जिले का मौसम
जिले में भारी बारिश – यलो अलर्ट बताया गया है । खंडवा में रुक-रुक कर तेज बारिश का दौर रहेगा। पिछले दिनों खंडवा में 173 मिमी बारिश दर्ज की गई थी।
बैतूल जिले का मौसम
जिले मे आज भारी बारिश के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं। घाट और जंगली क्षेत्रों में भूस्खलन का खतरा। किसानों को फसल को सुरक्षित रखने की सलाह।
अगले 2 दिन का पूर्वानुमान
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अगले 3-4 दिन तक बारिश का क्रम जारी रहेगा। 18 अगस्त को बड़वानी, खरगोन, खंडवा और बुरहानपुर में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है।
वहीं हरदा, नर्मदापुरम, देवास और बैतूल में भी 18 अगस्त को भारी बारिश का अलर्ट है।
प्रशासन की अपील
लगातार बारिश के कारण नदी-नाले उफान पर हैं। नागरिकों से नदी किनारे और निचले इलाकों में न जाने की अपील की गई है। किसान अपनी उपज और मवेशियों को सुरक्षित स्थान पर रखें।

