विधानसभा नेता प्रतिपक्ष डा. गोविंद सिंह ने महू में युवती की मृत्यु, पुलिस फायरिंग में आदिवासी युवक की मृत्यु का मुद्दा उठाया
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मजिस्ट्रियल जांच की घोषणा कर दी है
मकड़ाई समाचार भोपाल|मप्र विधानसभा का इन दिनों बजट सत्र चल रहा है। गुरुवार को विधानसभा की कार्रवाई प्रारंभ होते ही नेता प्रतिपक्ष डा. गोविंद सिंह ने महू में एक युवती की मृत्यु और पुलिस फायरिंग में एक आदिवासी युवक की मृत्यु का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आदिवासियों पर अत्याचार हो रहा है, गृह मंत्री इस पर अपना वक्तव्य दें।
गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कहा – घटना को लेकर दो तरह की बात अब तक प्रकाश में आई है। जिस बिटिया की मृत्यु हुई है, उसे पानी गर्म करने की राड से करंट लगा, जिससे मृत्यु हुई। स्वजन ने इसे हत्या बताया| सभी लोग थाने में जुट गए और स्वयं न्याय देने की बात करने लगे उन्होंने पथराव कर जाम लगाया। थाना प्रभारी घायल हुए, जिन्हें इंदौर रेफर किया गया है। 13 अन्य पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। पुलिस कर्मियों ने बचाव में गोली चलाई, जिससे दुखद घटना हुई। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मजिस्ट्रियल जांच की घोषणा कर दी है। थोड़ी देर बाद पूरी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
भले ही मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश दे दिए, लेकिन यह मामला चलने वाला नहीं है। आंकड़े बताते हैं कि पूरे प्रदेश में अनुसूचित जनजाति पर अत्याचार की क्या स्थिति है। 18 साल की सरकार में 13 बार मध्य प्रदेश अनुसूचित जनजाति वर्ग के साथ अत्याचार के मामले में देश में प्रथम और 05 बार दूसरे पायदान पर रहा है। – कमलनाथ पूर्व सीएम मप्र
रात को जब लड़की की मृत्यु हुई, तब पुलिस रिपोर्ट नहीं लिख रही थी। जब बहुत दबाव बनाया गया तो रिपोर्ट लिखी गई। सुबह पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में अंतिम संस्कार किया गया। स्वजन का आरोप है कि लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म कर हत्या की गई है। विधानसभा अध्यक्ष गिरीश गौतम ने कहा कि इस विषय को लेकर स्थगन सूचना भी प्राप्त हुई है।- डॉक्टर विजय लक्ष्मी साधो

