केके यदुवंशी पत्रकार
सिवनी मालवा। बानापुरा स्थित प्रसिद्ध खेड़ापति मंदिर में हुई चोरी की वारदात का मात्र 16 घंटे के भीतर सफल खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है
जानकारी के अनुसार, बानापुरा बस स्टैंड के निकट स्थित खेड़ापति मंदिर में मंगलवार और बुधवार की दरमियानी रात अज्ञात चोरों ने ताला तोड़कर प्रवेश किया। चोरों ने मंदिर के गर्भगृह में रखी दान पेटी को निशाना बनाया और नकदी सहित अन्य कीमती सामान चुराकर फरार हो गए। बुधवार सुबह जब श्रद्धालु पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे, तो मुख्य द्वार का ताला टूटा और दान पेटी गायब मिली। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों में रोष फैल गया और उन्होंने तुरंत सिवनी मालवा थाने को इसकी जानकारी दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना प्रभारी सुधाकर बारसकर के निर्देशन में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया, जिसमें उपनिरीक्षक कमलेश शर्मा और नरेंद्र लिल्लोरे शामिल रहे। पुलिस दल ने तुरंत घटनास्थल का मुआयना किया और मंदिर के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले।
फुटेज में दो संदिग्ध युवक मंदिर की गली से निकलते हुए कैद हुए थे। तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय इनपुट्स के आधार पर पुलिस ने पहले ‘भूरा’ और ‘सर्किट’ नामक युवकों को हिरासत में लिया। उनसे हुई कड़ी पूछताछ के बाद इस वारदात में ‘जोंटी’ नामक एक अन्य व्यक्ति के भी शामिल होने का खुलासा हुआ, जिसके बाद पुलिस ने उसे भी धर दबोचा।
फिलहाल, पुलिस तीनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है। यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस वारदात में प्रत्येक आरोपी की क्या भूमिका थी तथा मंदिर से चुराई गई कुल रकम और अन्य सामग्री को कहां छिपाया गया है।
धार्मिक स्थल पर हुई इस घटना से नगरवासियों में चिंता और नाराजगी का माहौल था, लेकिन पुलिस की महज 16 घंटों के भीतर की गई इस त्वरित और प्रभावी कार्रवाई की हर तरफ सराहना हो रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की बारीकी से जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

