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विधानसभा में कांग्रेस ने किया अनोखा प्रदर्शन, उस्तरा लेकर बंदर बने विधायक

भोपाल। मध्य प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन सदन परिसर में एक अप्रत्याशित और अनोखा दृश्य देखने को मिला। छिंदवाड़ा की जुन्नारदेव सीट से कांग्रेस के विधायक सुनील उईके बंदर का मुखौटा पहनकर विधानसभा पहुंच गए, जिससे वहां मौजूद हर कोई हैरान रह गया।

विधायक उईके ने इस अनोखे अंदाज को सरकार की नीतियों के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराने का माध्यम बनाया। उनके हाथ में एक पोस्टर भी था, जिस पर सरकार की कथित जनविरोधी नीतियों का उल्लेख किया गया था। उनके इस कदम ने सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले ही सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।

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सदन परिसर में जब विधायक सुनील उईके बंदर के वेश में दाखिल हुए, तो वहां मौजूद अन्य विधायक, सुरक्षाकर्मी और मीडियाकर्मी भी चौंक गए। कुछ लोग उनके इस रूप को देखकर मुस्कुराए, तो वहीं कई लोगों ने उनके इस सांकेतिक विरोध के पीछे छिपे संदेश की गंभीरता को समझने की कोशिश की। चेहरे पर मास्क और हाथ में पोस्टर लिए उईके ने बिना कुछ कहे ही सरकार तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास किया।

सरकार की नीतियां निशाने पर
सुनील उईके का यह प्रदर्शन मुख्य रूप से राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ था। पोस्टर के माध्यम से उन्होंने यह संदेश देने की कोशिश की कि सरकार आम जनता और आदिवासियों के हितों की अनदेखी कर रही है। उनका यह तरीका इस बात को उजागर करने के लिए था कि कैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को नजरअंदाज किया जा रहा है। यह विरोध प्रदर्शन विधानसभा सत्र के दौरान विपक्ष द्वारा सरकार को घेरने की रणनीति का ही एक हिस्सा माना जा रहा है। कांग्रेस विधायक के इस कदम ने प्रदेश की राजनीति में एक नई बहस छेड़ दी है। जहां एक ओर इसे ध्यान खींचने का एक रचनात्मक तरीका बताया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर इसकी गंभीरता पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। हालांकि, इस घटना ने एक बार फिर विपक्ष को सरकार की नीतियों पर सवाल उठाने का एक नया मंच प्रदान कर दिया है।