हरदा – जिले के किसानों ने सोमवार को किसान आक्रोश मोर्चा के नेतृत्व में भारी संख्या में कलेक्ट्रेट पहुंचकर अपनी समस्याओं को लेकर मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। ज्ञापन में अतिवृष्टि से खराब हुई सोयाबीन और मक्का की फसलों के लिए राहत राशि, बीमा भुगतान, तथा समर्थन मूल्य पर फसलों की खरीदी की मांग की गई।
किसान आनंद कालीराणा ने बताया कि लगातार बारिश के चलते सोयाबीन और मक्का की फसलें बर्बाद हो गई हैं, जिससे आगामी रवि सीजन की बुवाई पर संकट खड़ा हो गया है।
किसान अशोक खोदरे ने कहा कि किसानों के पास बीज और खाद खरीदने के लिए नकदी नहीं बची है, और वे अब गहने गिरवी रखने तक को मजबूर हो गए हैं।
मोर्चा से जुड़े शैलेंद्र वर्मा ने जानकारी दी कि जिले की 100 से अधिक पंचायतों में ग्राम सभाओं द्वारा पारित प्रस्तावों के आधार पर यह ज्ञापन तैयार किया गया है, जिनकी प्रतियां आज एसडीएम को सौंपी गईं।
ज्ञापन में प्रमुख मांगें:
सोयाबीन और मक्का की फसल में हुए 70-80% से अधिक नुकसान के लिए तत्काल मुआवजा और बीमा राशि किसानों के खातों में जमा की जाए।
RBC 6(4) नियम के तहत राहत प्रदान की जाए।
सोयाबीन और मक्का की समर्थन मूल्य पर खरीदी की जाए।
वर्ष 2017-18 की भावांतर योजना अंतर्गत शेष बकाया राशि किसानों को तत्काल दी जाए।
आगामी रवि सीजन के लिए पर्याप्त मात्रा में डीएपी, यूरिया, एनपीके खाद की व्यवस्था कर उसे किसानों को सुगमता से उपलब्ध कराया जाए।
इस अवसर पर रामनिवास जाट, अमन दुबे,सुभाष जांगू, सुभाष जांगू,आशीष राजपूत, शरद विश्नोई, रजत विश्नोई, दिलीप जाट, पवन जाट, नवीन बांके, गितांशु पाटिल सहित अनेक किसान उपस्थित रहे

