खातेगांव। आदमी जब अकेला होता है तो हौसला ही उसकी रोशनी का काम करता है। इसलिए आज जिलाधीश महोदय विधायक जी और हम सब आपके बीच प्रतिबद्धता को दोहराते हैं । यह बात विधायक आशीष शर्मा ने कलवार में 59 दिनों से बुधनी रेल लाइन परियोजना में उपजाऊ भूमि अधिग्रहण के विरोध में किसानो द्वारा किए जा रहे धरना प्रदर्शन के मंच पर पहुंचकर कही, आपने कहा कि कलेक्टर साहब ने जो कहा वह सब बात आपकी पूरी होगी, इसके लिए रेलवे विभाग के अधिकारियों से भी चर्चा हुई है। समय-समय पर जो भी रियायत दी जा सकती है वह सब आपको दी जाएगी, किसी प्रकार का संदेह आपके मन में नहीं होना चाहिए, जितना आपको पैसा दिया जा रहा है उतनी ही भूमि आपसे ली जावेगी, अतिरिक्त भूमि नहीं ली जाएगी एक समान भी यदि आपसे लिया जाता है तो उसका पैसा भी आपको दिया जाएगा। विधायक आशीष शर्मा ने किसानों को विश्वास दिलाया कि माननीय मुख्यमंत्री माननीय भाई साहब शिवराज सिंह जी आपकी मांगों के लिए विशेष चिंतित है जो आपके लिए निर्णय हुआ है यह आने वाले समय में पूरे मध्य प्रदेश के किसानों के लिए एक लकीर का काम करेगा एक नई राहत के द्वारा खोलेगा ।
लगातार 59 वें दिन अनशन करने वाले किसान रवि मीणा, मुंशी पठान,संतोष छानवाल, योगेश पटेल, दीपक जोनवाल हैं। अपनी मांगो को लेकर संघर्ष कर रहे, किसानों से प्रशासन एवम क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियो द्वारा लगातार तीन दिवस से किसानों से संवाद किया जा रहा था। दो, तीन दौर की बैठक एवम वार्ता के बाद किसानो की मांगों को प्रशासन द्वारा माना गया एवम किसानों का अनशन खातेगांव विधायक पंडित आशीष शर्मा, बागली विधायक मुरली भंवरा, देवास जिला कलेक्टर ऋतुराज सिंह, एडीएम संजीव जैन, एएसपी सौम्या जैन, एसडीओपी आदित्य तिवारी, एसडीएम कन्हैयालाल तिलवारे ने जूस पिलाकर एवम मिठाई के रुप हलवा खिलाकर किसान पुत्रों का अनशन समाप्त कराया दोनों विधायक एवम कलेक्टर ने किसानों के लिए कहा किसानों की जीत हुई। उनकी मेहनत रंग लाई। पूर्वजों की उपजाऊ भूमि को कोडियो के दाम नही जाने दे रहे है।
देवास जिले की कन्नौद तहसील के ग्राम कलवार में इंदौर बुधनी रेल लाइन परियोजना में उपजाऊ भूमि अधिग्रहण के विरोध में रेल लाइन का अलाइनमेंट बदलने अर्थात् पूर्व सर्वे जिसमे पठारी, पड़ती, बंजर, जंगल के समीप कम उपजाऊ भूमि का उपयोग किया गया था। वहां से रूट ले जाया जाय एवम अन्य मांगों को लेकर किसानों का अनशन, क्रमिक अनशन, भूख हड़ताल अनशन में खातेगांव एवम बागली विधानसभा तथा विदिशा एवम खंडवा लोकसभा के किसान संयुक्त रूप से बैठे थे।

