उज्जैन। श्री महाकालेश्वर मंदिर परिसर में स्थित प्राचीन श्री विष्णु मंदिर की प्रतिमा हटाने के बाद अब मंदिर को भी हटा दिया गया है। इस कार्रवाई के विरोध में शुक्रवार को विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकतार्ओं ने शंख द्वार के बाहर धरना प्रदर्शन किया। उन्होंने मंदिर प्रशासन से नया मंदिर स्थापित कर प्रतिमा की पुन: प्रतिष्ठा करने की मांग की है।
मंदिर प्रशासन द्वारा शंख द्वार के पीछे स्थित पुराने श्री विष्णु मंदिर को जीर्ण-शीर्ण अवस्था में होने के कारण हटाया गया है। हालांकि, विहिप के सहमंत्री दर्शन परमार ने आरोप लगाया कि मंदिर प्रशासन ने प्राचीन मंदिर को रातों-रात हटा दिया और किसी भी संगठन या मंदिर के पुजारी को इसकी जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने सवाल उठाया कि मूर्ति को रातों-रात क्यों हटाया गया।
प्रदर्शनकारियों ने हटाए गए मंदिर के पुनर्निर्माण की मांग की। विहिप ने मंदिर प्रशासन से लिखित आश्वासन मांगा है कि मंदिर का पुनर्निर्माण किया जाएगा। हालांकि, मंदिर के अधिकारियों की समझाइश के बाद धरना समाप्त हो गया। मंदिर से जुड़े सूत्रों के अनुसार, विष्णु मंदिर की खराब स्थिति के कारण उसकी मूर्ति हटाई गई थी। इस मामले पर मंदिर प्रशासन का पक्ष जानने के लिए मंदिर समिति के सहायक प्रशासक एस.एन. सोनी से मोबाइल पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।

