हरदा। जिले में पिछले दो दिनों से मौसम का मिजाज बदला हुआ है। रविवार और सोमवार को कई क्षेत्रों में अचानक तेज बारिश हुई।
हंडिया और टिमरनी विकासखंड में बारिश का अधिक असर देखने को मिला। बेमौसम बारिश से खेतों और खलिहानों में रखी फसलों को नुकसान होने की आशंका से किसान चिंतित हैं। दशहरे के दिन भी मौसम विभाग ने जिले में बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई है।
हंडिया में आधे घंटे तक हुई झमाझम बारिश
जानकारी के अनुसार, सोमवार शाम करीब 6 बजे हंडिया क्षेत्र में लगभग आधे घंटे तक तेज बारिश हुई। बारिश के कारण सड़कों पर पानी बहने लगा। वहीं, खेतों में कटाई के बाद खलिहानों में रखी मक्का की फसल भीगने से किसानों की चिंता बढ़ गई।
मांगरूल में खलिहान में रखी मक्का भीगी
मांगरूल गांव में किसान ने मक्का की तुड़ाई के बाद भुट्टों को खलिहान में रखा था। अचानक हुई तेज बारिश से मक्का के भुट्टे भीग गए। किसान के अनुसार, बारिश से फसल को बचाने के लिए परिवार के सदस्यों ने तत्काल तिरपाल डालकर मक्का को ढंकने का प्रयास किया।
हरदा सहित कई जिलों में बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार, पिछले दो दिनों में हरदा सहित प्रदेश के कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। इंदौर, शाजापुर, सीहोर, मंदसौर, उज्जैन, खंडवा, बैतूल और छिंदवाड़ा में भी हल्की से मध्यम बारिश हुई। वहीं, गुना में 115.6 मिलीमीटर बारिश दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
20 अक्टूबर को दशहरे के अवसर पर हरदा सहित 14 जिलों में बारिश और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है। इनमें इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर, बड़वानी, धार, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, शाजापुर और बैतूल शामिल हैं।
दिन में गर्मी, रात में हल्की ठंड
पिछले दो दिनों से दिन में तेज गर्मी के बाद शाम को आसमान में बादल छा रहे हैं। वहीं, रात के तापमान में गिरावट के कारण हल्की ठंड का एहसास होने लगा है।
कृषि विभाग की किसानों से अपील
बदलते मौसम को देखते हुए किसानों को सलाह दी गई है कि कटाई के बाद फसल को खुले में न छोड़ें। मक्का सहित अन्य कृषि उपज को सुरक्षित स्थान पर रखें और आवश्यकता पड़ने पर तिरपाल से अच्छी तरह ढंक दें, ताकि अचानक होने वाली बारिश से फसल को नुकसान न पहुंचे।

