मकडाई समाचार हरदा। कलेक्टर संजय गुप्ता की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में राष्ट्रीय पोषण मिशन के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला स्तरीय निगरानी अभिसरण समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसके साथ ही जिला बाल संरक्षण समिति व वन स्टॉप सेंटर की समीक्षा बैठक का आयोजन भी किया गया। बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष सुरेन्द्र जैन, किशोर न्याय बोर्ड की प्रधान मजिस्ट्रेट अनुजा श्रीवास्तव, जिला पंचायत सीईओ दिलीप कुमार यादव, एसपी मनीष कुमार अग्रवाल, जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय त्रिपाठी, स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, जिला आयुष अधिकारी एवं महिला बाल विकास विभाग के सहायक संचालक, परियोजना अधिकारी व पर्यवेक्षक आदि उपस्थित थे।
अभिसरण बैठक के दौरान कलेक्टर गुप्ता द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग को निर्देशित किया कि जिले में शतप्रतिशत टिकाकरण हो। निर्मित आंगनवाड़ी भवनों का शिलान्यास शीघ्र जनप्रतिनिधियों के माध्यम से कराया जावे। जिले में लिंगानुपात बढ़ाने हेतु प्रयास किये जाए। कलेक्टर द्वारा उपस्थित सभी विभागों को निर्देशित किया गया कि परिवार नियोजन हेतु जागरूकता लाकर जिले को प्रदेश में अग्रणी बनाना, जिले के स्वास्थ्य सूचकांकों में सुधार लाना, महिलाओं में पोषण तथा शिक्षा के स्तर में सुधार, कुपोषण की स्थिति में सुधार, सीएम हेल्पलाईन में त्वरित शिकायत निराकरण आप सभी की प्राथमिकताओं में होना चाहिए। कुपोषण की स्थिति में सुधार हेतु आवश्यक है कि स्वास्थ्य विभाग, आयुष विभाग एवं महिला बाल विकास विभाग हिरण्यगर्भा अभियान को बेहतर तरिके से क्रियान्वित करें, जिससे कुपोषण को जड़ से समाप्त किया जा सके। कलेक्टर गुप्ता द्वारा निर्देशित किया कि हर ग्राम पंचायत एवं आंगनवाड़ी में दो-दो मुनगे के पेड़ अवश्य लगाये जावे। कुपोषण उन्मुलन हेतु कलेक्टर द्वारा समुदाय आधारित अटल बाल पालक योजना पर भी जोर दिया गया। उत्कृष्ट कार्य करने वाली पर्यवेक्षकों को कलेक्टर द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा। गुप्ता ने कहा कि 15 अपूर्ण आंगनवाड़ी भवनों की सूची प्रदान करें, जिससे कि उन्हें आरईएस के माध्यम से इन्हें शीघ्र पूर्ण कराया जा सके। उन्होने निर्देशित किया कि आंगनवाड़ी केन्द्रों के माध्यम से वितरित होने वाले भोजन की गुणवत्ता महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा सुनिश्चित की जावे।
सोया बिस्किट से दूर किया जाएगा कुपोषण
कृषि विज्ञान केन्द्र के सहयोग से कुपोषण उन्मुलन हेतु सोया बिस्किट्स व सोया नट्स बनवाये जायेंगे। महिलाओं को आत्म निर्भर बनाने के लिये साप्ताहिक हाट बाजारों के माध्यम से इनका विक्रय कराया जाएगा। जनसहयोग के माध्यम से इन सोया बिस्किट्स को कुपोषित बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं हेतु उपलब्ध कराया जाएगा। कलेक्टर श्री गुप्ता ने निर्देशित किया कि अब से कलेक्टर कार्यालय की हर बैठक में सोया बिस्किट व सोया नट्स ही दिये जायेंगे।
वन स्टॉप सेंटर में एक महिला पुलिसकर्मी की फुल टाईम पदस्थापना की जाये
वन स्टॉप सेंटर की समीक्षा के दौरान कलेक्टर महोदय के द्वारा निर्देशित किया गया कि जिले में वन स्टॉप सेंटर का प्रचार-प्रसार सुनिश्चित हो, जिससे कि पिडि़त महिलाओं को समय पर राहत दिलाई जा सके। वन स्टॉप सेंटर प्रशासक महिला थाना प्रभारी से समन्वय स्थापित करें। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री अग्रवाल द्वारा कहा गया कि हर थाने में महिला आफिसर और उनकी लिंक आफिसर भी है, जिनसे समन्वय कर वन स्टॉप सेंटर का बेहतर संचालन सुनिश्चित होगा। महिला एवं बाल विकास विभाग के समस्त अमले को बेहतर समन्वय एवं सुविधा हेतु वी केयर फॉर यू का नम्बर 7049162400, निर्भया 7049162398 एवं महिला थाना प्रभारी श्रीमती बबीता धुर्वे का मोबाईल नम्बर (7974056445) प्रदान किये गये। एसपी श्री अग्रवाल द्वारा कहा गया कि वन स्टॉप सेंटर एवं महिला डेस्क की समय-समय पर समन्वय बैठक का आयोजन किया जायेगा। बैठक के दौरान पॉक्सों एक्ट की बारिकियों से सभी को अवगत कराने हेतु कोमल फिल्म का प्रदर्शन किया गया। एसपी श्री अग्रवाल द्वारा कहा गया कि वन स्टॉप सेंटर में एक महिला पुलिस की फुल टाईम पदस्थापना की जायेगी। कलेक्टर श्री गुप्ता द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया गया कि स्कूलों में पॉक्सो, गुड टच-बेड टच एवं वन स्टॉप सेंटर का भरपूर प्रचार-प्रसार किया जाए। साथ ही हर पर्यवेक्षक अपनी फिल्ड की ग्राम पंचायतों में जागरूकता हेतु कार्य करें। इस दिशा में जागरूकता हेतु एक टीम भी बनाई जायेगी, जिसमें सभी संबंधित विभाग एवं एनजीओ जागरूकता हेतु कार्य करेंगे। कलेक्टर महोदय द्वारा डॉ. कमलेश गौड़ को स्वास्थ्य विभाग की ओर से वन स्टॉप सेंटर में को-ऑर्डिनेटर बनाया गया।
हर ग्राम पंचायत में बनाई जाएगी लाड़ली सेना
हर ग्राम पंचायत में लाड़ली सेना बनाई जाएगी। कलेक्टर द्वारा महिला एवं बाल विकास विभाग को इस हेतु निर्देश दिये गये है, यह जिले का एक नवाचार होगा। रेवा सखियों द्वारा जिले में बहुत अच्छा कार्य किया जा रहा है। इन्हीं में से सक्रिय बालिकाओं को, जिसमें समाज सेवा की प्रबल इच्छा हो, को चयनित कर लाड़ली सेना का गठन किया जाएगा। एसपी अग्रवाल द्वारा कहा गया कि पुलिस विभाग द्वारा इन्हें आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाएगा और खेल गतिविधियों से जोड़ने एवं आत्म निर्भर बनाने का प्रयास किया जाएगा। ये बालिकाएं महिलाओं में पोषण, स्वास्थ्य, सुरक्षा की सुनिश्चितता के साथ ही प्रशासन के लिये सूचना तंत्र के रूप में कार्य करेगी।
जिले में बनाए जाएंगे पालना केन्द्र
अनाथ एवं परित्यक्त शिशुओं की सुरक्षा एवं उनके पुर्नवास हेतु जिले में पालना केन्द्रों की स्थापना की जाएगी। ये पालना केन्द्र वन स्टॉप सेन्टर एवं जिला अस्पताल में होंगे। अध्यक्ष नगर पालिका हरदा सुरेन्द्र जैन द्वारा कहा गया कि वे नगर पालिका हरदा में पालना केन्द्र स्थापित करवाएंगे।
दध्यंग शिक्षण समिति बाल गृह की होगी मान्यता समाप्त
किशोर न्याय अधिनियम के मानकों के अनुरूप बाल गृह का संचालन न करने के कारण व प्रधान मजिस्ट्रेट किशोर न्याय बोर्ड की रिपोर्ट के आधार पर बाल गृह की मान्यता समाप्ति हेतु शासन स्तर को लेख किया जाएगा।
समीक्षा बैठक के अंत में मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत यादव द्वारा सभी को सार्थक लाईट एप्लीकेशन की उपयोगिता समझाई गई व अपने-अपने मोबाईल में सार्थक लाईट एप इन्स्टाल करने हेतु निर्देशित किया गया। यादव ने कहा कि अब से कोविड-19 की टेस्टींग विकेन्द्रिकृत रूप से की जाएगी। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में संभावित मरीजों की रेपीड एंटीजन टेस्ट के माध्यम से कोरोना परीक्षण किया जाएगा। जिससे ग्राम स्तर पर ही कोरोना की जांच हो सके।
जिले की पोषण कार्य योजना अनुमोदित की गई
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा निर्मित जिले की पोषण कार्य योजना को कलेक्टर संजय गुप्ता द्वारा अनुमोदित किया गया। पूर्व में यह कार्य योजना मध्यप्रदेश के सभी जिलों में अव्वल रही है। इस पर कलेक्टर गुप्ता द्वारा प्रसन्नता व्यक्त की गई। बैठक के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को भी कलेक्टर द्वारा शिल्ड देकर सम्मानित किया गया।

