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आंदोलन कर रहे किसानो पर पुलिस ने जमकर बरसाए डंडे

 विगत एक वर्ष से किसान आंदोलन सरकार के लिए किरकिरी बना हुआ है। किसान आंदोलन आज नेतृत्व की कमी के कारण भटकता नजर आ रहा है। अब हरियाणा और पंजाब के किसान अभी भी आंदोलन की राह पर अडे़ हुए हैै। किसान आंदोलन देश में बड़ा ही चर्चा का विषय बना हुआ है। यह अभी भी आंदोलन जारी है और किसान अपनी मांगो को लेकर केंद्र सरकार पर अड़े हुए है.सरकार है कि किसानों की मांगों को मानने के लिए तैयार नहीं है।

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मकड़ाई समाचार हरियाणा। विगत एक वर्ष से किसान आंदोलन सरकार के लिए किरकिरी बना हुआ है। किसान आंदोलन आज नेतृत्व की कमी के कारण भटकता नजर आ रहा है। अब हरियाणा और पंजाब के किसान अभी भी आंदोलन की राह पर अडे़ हुए हैै। किसान आंदोलन देश में बड़ा ही चर्चा का विषय बना हुआ है। यह अभी भी आंदोलन जारी है और किसान अपनी मांगो को लेकर केंद्र सरकार पर अड़े हुए है.सरकार है कि किसानों की मांगों को मानने के लिए तैयार नहीं है।
इसी बीच खबर आई कि हरयाणा में किसानों के ऊपर खट्टर की सरकार ने जमकर लाठियां भांज दी है, जिस पर अब किसानों ने आक्रोश दिखाया है। दरअसल मामला है कि निकाय एवं पंचायत चुनाव की तैयारियों को लेकर शनिवार को करनाल में भाजपा की प्रदेश स्तरीय बैठक होना था और प्रदेश के सीएम मोहन लाल खट्टर समेत अन्य नेता भी उसमे शामिल होने आये थे।

अपनी मांगों को लेकर हरियाणा के किसान बैठक का विरोध करने के लिए शुक्रवार की शाम को ही एलान कर दिया था। इसके बाद करनाल में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। सभी ग्रामीण क्षेत्रो को आने जाने वाले सड़को को सील कर दिया गया है। किसान रेलवे रोड नहीं पहुंच पाए और उन्होंने नेशनल हाईवे 44 पर बसताड़ा टोल प्लाजा पर जाम लगा दिया। इसके बाद दोपहर करीब सवा 12 बजे विरोध कर रहे किसानों पर पुलिस ने जमकर लाठीचार्ज कर दिया जिसमें कुछ किसान घायल हो गए।
उक्त घटना पर किसान नेताओ ने जमकर विरोध जताया है। उन्होने कहा कि भाजपा सरकार के कहने पर पुलिस द्वारा किसानों पर जमकर डंडे बरसाए जा रहे हेै।किसान नेताओं ने इस घटना का विरोध करते हुए कहा कि किसानों को बुरी तरह पीटा गया है। ये पुलिस और सरकार की गुंडागर्दी है। सरकार क्रूरता पर उतर आई है। हरियाणा और साथ लगते राज्यों में भी किसान जाम लगाएं। उन्होंने आवागमन करने वाले लोगों व पुलिस से झगड़ा नहीं करने का आह्वान भी किया है। करनाल में किसानों पर हुए लाठीचार्ज के बाद गुस्साए किसानों ने फतेहाबाद-चंडीगढ़ रोड पर जाम लगा दिया। किसान गांव ढाणी गोपाल के पास हाईवे पर बैठ गए हैं।अपनी मांगों को लेकर हरियाणा के किसान बैठक का विरोध करने के लिए शुक्रवार की शाम को ही एलान कर दिया था। इसके बाद करनाल में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। सभी ग्रामीण क्षेत्रो को आने जाने वाले सड़को को सील कर दिया गया है। किसान रेलवे रोड नहीं पहुंच पाए और उन्होंने नेशनल हाईवे 44 पर बसताड़ा टोल प्लाजा पर जाम लगा दिया। इसके बाद दोपहर करीब सवा 12 बजे विरोध कर रहे किसानों पर पुलिस ने जमकर लाठीचार्ज कर दिया जिसमें कुछ किसान घायल हो गए।