राजस्थान में बांध हुए लबालब, 7 से 10 अक्टूबर तक तेज बारिश का अलर्ट कोटा सहित एक दर्जन स्थानों पर बारिश की संभावना
राजस्थान। प्रदेश में कई स्थानों पर मूसलाधार बारिश हो रही हैं। कोटा सभाग में तो पिछले 15 दिनों से बारिश का माहौल बना हुआ हैं बीच में कुछ दिन का अंतराल हुुआ है अब फिर गुुरुवार से बारिश से शुुरु हो गई।शुक्रवार दिन रात जारी रही है। चारो ओर से बारिश की सूचना मिल रही थी। यही हालात राजस्थान से लगे मप्र के कुछ स्थानों का भी है। हाड़ौती अंचल और मध्यप्रदेश में भारी बारिश होने से चम्बल के चारों बांधों के गेट खोलकर पानी की निकासी शुरू की गई। कोटा बैराज के छह गेट कुल 43 फीट खोलकर 56 हजार क्यूसेक पानी की निकासी की गई। ढाई दशक में पहली बार अक्टूबर माह में बैराज के छह गेट खोले गए हैं।
मप्र की बारिश से राजस्थान में पानी ही पानी
गांधी सागर का एक सलूज गेट खोलकर 29 हजार क्यूसेक पानी की निकासी की गई। इसके चलते राणा प्रताप सागर बांध और जवाहर सागर बांध से पानी की निकासी शुरू की गई। इसके चलते बैराज के गेट खोले गए हैं। लगातार बारिश होने से देर रात और गेट बढ़ाए जा सकते हैं। कालीसिंध बांध के तीन गेट और भीमसागर बांध का एक गेट खोलकर पानी की निकासी की जा रही है। खेत लबालब भर गए हैं इस कारण फसलें तबाह हो गई है| जिससे राजस्थान के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में 7 से 10 अक्टूबर तक बारिश होगी। रविवार से कोटा,बूंदी, बारां, झालावाड़ व अलवर में सबसे अच्छी बारिश होने की संभावना है।
गांधी सागर का एक सलूज गेट खोलकर 29 हजार क्यूसेक पानी की निकासी की गई। इसके चलते राणा प्रताप सागर बांध और जवाहर सागर बांध से पानी की निकासी शुरू की गई। इसके चलते बैराज के गेट खोले गए हैं। लगातार बारिश होने से देर रात और गेट बढ़ाए जा सकते हैं। कालीसिंध बांध के तीन गेट और भीमसागर बांध का एक गेट खोलकर पानी की निकासी की जा रही है। खेत लबालब भर गए हैं इस कारण फसलें तबाह हो गई है| जिससे राजस्थान के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में 7 से 10 अक्टूबर तक बारिश होगी। रविवार से कोटा,बूंदी, बारां, झालावाड़ व अलवर में सबसे अच्छी बारिश होने की संभावना है।
