jhankar
ब्रेकिंग
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग 7 साल बाद भारत आएंगे,चीन ने की पुष्टि  BRICS समिट के लिए भारत आ रहे कई... स्कूल बस में आग लगाने के मामले में नाम घसीटने का आरोप, पालकों व सामाजिक लोगों के साथ ASP को सौंपा ज्... गुरुवार, 10 सितंबर 2026 के मुख्य समाचार की एक झलक हरदा: 4 वर्षीय छात्रा शिवांगी जाट की मौत के मामले में स्कूल वैन चालक और मालिक पर केस दर्ज, वैन जब्त 10 सितंबर 2026 का सुविचार कल जो हुआ उसे भूलकर, आज एक नई शुरुआत करो गणेश महोत्सव पर डीजे की तेज आवाज पर प्रशासन सख्त, नियम तोड़ा तो मशीनें होंगी जब्त संभाग स्तरीय स्पर्धा में बैतूल व नर्मदापुरम फुटबॉल चैंपियन, शतरंज में 5 खिलाड़ी राज्य स्तर के लिए चय... सितंबर में 9 दिन बैंकिंग सेवाएं रहेंगी प्रभावित, 11 सितंबर को देशव्यापी हड़ताल तेलंगाना- हैदराबाद-बेंगलुरु हाईवे पर दर्दनाक हादसा देवास: रात में खरीदे 250 ग्राम मलाई के लड्डू, सुबह फ्रिज से निकाले तो आने लगी बदबू

हाइवे पर बेसहारा मवेशियों को ट्रक ने रौंदा, आठ की मौत

इस हादसे में 8 गाय-बछडों की मौके पर मौत हो गई, वहीं कुछ मवेशियों के घायल होने की सूचना है

मकड़ाई समाचार राजगढ़। नेशनल हाइवे 12 जयपुर-जबलपुर मार्ग पर बुधवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। सड़क पर बैठे बेसहारा मवेशियों को एक तेज रफ्तार ट्रक ने रौंद दिया। इस हादसे में 8 गाय-बछडों की मौके पर मौत हो गई, वहीं कुछ मवेशियों के घायल होने की सूचना है। घटना की जानकारी मिलने पर खिलचीपुर तहसीलदार मौके पर पहुंचे।

जानकारी के मुताबिक खिलचीपुर तहसील के जैतपुरा गांव के समीप हर दिन मवेशी हाइवे पर बैठ रहते हैं। ऐसे में बुधवार को सुबह के समय भी मवेशी बैठे हुए थे। तभी एक तेज रफ्तार ट्रक पहुंचा और हाइवे पर बैठे मवेशियों को रौंद दिया। हादसा इतना भीषण था कि ट्रक चढ़ने के कारण 8 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। साथ ही कुछ मवेशी बुरी तरह से लहुलुहान हो गए थे। हादसा अलसुबह का होने के कारण मौके पर व आसपास भी स्थानीय लोग नही थे। घटना की जानकारी लगने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीणों व आसपास म लोगों की भीड़ जमा हो गई। ग्रामीणों ने घटना की जानकारी खिलचीपुर थाने पर दी। इसके बाद पुलिस व खिलचीपुर तहसीलदार आकाश शर्मा मौके पर पहुंचे थे। हालांकि ट्रक का कोई सुराग नही लग सका।

- Install Android App -

अंधेरा का फायदा उठाकर ट्रक चालक वाहन समेत फरार
ग्रामीणों ने बताया कि जिस समय हादसा हुआ, उस समय गांव में लाइट नही थी। बिजली के अभाव के कारण गांव में व आसपास अंधेरा था। इसी अंधेरे का फायदा उठाते हुए ट्रक चालक हादसे के बाद ट्रक लेकर फरार हो गया। आसपास के क्षेत्र में ट्रक को तलाशा भी गया, लेकिन उसका कोई पता नही लग सका था।
गौशाला होने के बावजूद सड़क पर थे मवेशी
जानकारी के मुताबिक इस गांव में 35 लाख की लागत से बनकर गोशाला तैयार है, लेकिन इसके बावजूद बड़ी संख्या में मवेशी सड़क पर बैठे हुए थे, जो अपने आप मे प्रशासन की बड़ी लापरवाही उजागर करता है। गौशाला होने के बावजूद आखिर मवेशियों को वहां क्यों नही रखा गया। ग्रामीणों का आक्रोश है कि यदि मवेशी गोशाला में होते तो उनकी जान बच सकती थी। कुछ लोगो का कहना है कि गोशाला पूरी तरह से खाली है व उसमे कोई मवेशी नहीं है।