देवास में मिठाई की गुणवत्ता पर फिर सवाल, खाद्य विभाग ने लिए दो सैंपल; भोपाल लैब भेजे
मकड़ाई एक्सप्रेस 24 | देवास। शहर में मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हुए हैं। केलोदेवी क्षेत्र स्थित एक डेयरी से मंगलवार रात खरीदे गए 250 ग्राम मलाई के लड्डुओं को घर के फ्रिज में रखने के बाद बुधवार सुबह उनमें से तेज बदबू आने की शिकायत सामने आई। शिकायत मिलने पर खाद्य विभाग की टीम मौके पर पहुंची और लड्डुओं के सैंपल लिए।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेंद्र सिंह ठाकुर के नेतृत्व में टीम ने डेयरी पर उपलब्ध मलाई के लड्डुओं की जांच की। शिकायतकर्ता को भी मौके पर बुलाया गया। अधिकारियों के अनुसार, रात में खरीदे गए लड्डुओं और डेयरी में उपलब्ध लड्डुओं के अलग-अलग सैंपल लिए गए हैं। दोनों नमूनों को जांच के लिए भोपाल स्थित प्रयोगशाला भेजा गया है।
15 दिन में तीसरी घटना से बढ़ी चिंता
मिठाइयों की गुणवत्ता को लेकर देवास में यह हाल के दिनों में सामने आई तीसरी घटना बताई जा रही है। करीब 15 दिन पहले खाद्य विभाग और प्रशासन की टीम ने भोपाल चौराहे स्थित जोधपुर स्वीट्स और न्यू स्वीट्स स्टोर्स पर कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में संदिग्ध मावा और उससे बनी मिठाइयां जब्त की थीं। दोनों प्रतिष्ठानों से करीब 900 किलो मावा और मिठाई बरामद होने की बात सामने आई थी। प्रशासन ने दोनों प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए थे और खाद्य विभाग ने नमूने जांच के लिए भोपाल भेजे थे।
रिपोर्ट आने के बाद होगी कार्रवाई
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेंद्र सिंह ठाकुर ने बताया कि शिकायत के आधार पर दो सैंपल लिए गए हैं। इनमें एक शिकायतकर्ता द्वारा खरीदे गए लड्डुओं का और दूसरा डेयरी में उपलब्ध लड्डुओं का है। दोनों नमूने जांच के लिए भोपाल भेजे गए हैं। रिपोर्ट मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सवाल—रिपोर्ट आने तक उपभोक्ता कैसे करें गुणवत्ता पर भरोसा?
खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर अधिकृत प्रयोगशाला में जांच कराना निर्धारित प्रक्रिया है, लेकिन इस बीच उपभोक्ताओं के सामने बड़ा सवाल गुणवत्ता को लेकर भरोसे का है। खासकर मलाई, मावा, खोवा और दूध से बनी मिठाइयों में सही तापमान और उचित भंडारण बेहद महत्वपूर्ण होता है।
त्योहारी सीजन में मिठाइयों की मांग बढ़ने के बीच खाद्य विभाग की नियमित निगरानी और समय पर जांच रिपोर्ट सामने आना उपभोक्ताओं के हित में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। फिलहाल विभाग को दोनों सैंपलों की रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके बाद ही यह स्पष्ट होगा कि लड्डुओं में बदबू आने की वास्तविक वजह क्या थी।

