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नरसिंहपुर: गैस संकट के बीच रसोई में फटा इंडक्शन, बड़ा हादसा टला

नरसिंहपुर: जिले में इन दिनों रसोई गैस की किल्लत से जूझ रहे आम लोगों के लिए एक नई मुसीबत खड़ी हो गई है। गैस न मिलने के कारण मजबूरी में इलेक्ट्रिक इंडक्शन का इस्तेमाल कर रहे एक परिवार के साथ मंगलवार को खैरीनाका गांव में खौफनाक हादसा हो गया। यहाँ खाना बनाते समय अचानक इंडक्शन कुकटॉप जोरदार धमाके के साथ फट गया। गनीमत रही कि इस घटना में परिवार के सदस्य बाल-बाल बच गए।

क्या था पूरा मामला ?

जानकारी के अनुसार, हेमा जाट अपने घर में बच्चों के लिए दोपहर का भोजन तैयार कर रही थीं। उन्होंने बताया कि बेटा स्कूल से भूखा लौटा था, जिसके लिए वह इंडक्शन पर खिचड़ी बना रही थीं। जैसे ही खाना तैयार हुआ और उन्होंने कुकर का प्रेशर निकालकर ढक्कन खोलने की कोशिश की, तभी अचानक इंडक्शन में तेज धमाका हुआ। इस धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि पूरे घर में हड़कंप मच गया।

बिखरे कांच के टुकड़े, सतर्कता से बची जान

धमाके के कारण इंडक्शन का ऊपरी कांच पूरी तरह से चकनाचूर होकर बिखर गया। कांच के बारीक टुकड़े पास रखे खाने और दूध के बर्तन में जा गिरे, जिसके कारण भोजन दूषित हो गया और उसे तुरंत फेंकना पड़ा। रसोई में मौजूद हेमा और उनके बच्चे सुरक्षित हैं, लेकिन इस घटना ने पूरे परिवार को दहशत में डाल दिया है।

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लगातार उपयोग बना हादसे की वजह ?

परिजनों का मानना है कि क्षेत्र में गैस सिलेंडर की कमी के चलते वे लगातार इंडक्शन का उपयोग कर रहे थे। माना जा रहा है कि अधिक समय तक और लगातार इस्तेमाल होने के कारण इंडक्शन की मशीन ओवरहीट हो गई, जो इस हादसे का मुख्य कारण बनी।

मात्र 6 महीने पुराना था इंडक्शन

पीड़ित परिवार के सदस्य धर्मेंद्र जाट ने बताया कि उन्होंने करीब छह महीने पहले ही शहर के गुलाब चौराहे स्थित एक दुकान से 2400 रुपये में यह इंडक्शन खरीदा था। इस पर तीन साल की वारंटी थी। घटना की जानकारी मिलने पर दुकानदार ने इंडक्शन वापस लेकर नया देने का आश्वासन दिया है। बहरहाल, इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में इंडक्शन के इस्तेमाल को लेकर डर का माहौल है।

इंडक्शन के उपयोग में सावधानी

विषय विशेषज्ञों का मानना है कि इंडक्शन चूल्हे का उपयोग करते समय उसे बीच-बीच में बंद करना चाहिए ताकि मशीन ओवरहीट न हो। साथ ही, लंबे समय तक लगातार इसका प्रयोग करने से बचना चाहिए।