महाकाल परिसर भगदड़ जैसे हालात, 13 श्रद्धालुओं की बिगड़ी तबीयत
मकडा़ई एक्सप्रेस 24 उज्जैन। सावन के तीसरे सोमवार और नागपंचमी एक साथ पड़ने के कारण सोमवार को उज्जैन के महाकाल मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। सुबह 9 बजे तक करीब 5.50 लाख लोग बाबा महाकाल के दर्शन कर चुके हैं और भीड़ लगातार बढ़ती जा रही है।
भीड़ के अत्यधिक दबाव के कारण मंदिर परिसर में अफरा-तफरी जैसे हालात बन गए। पुलिस को सुरक्षा व्यवस्था संभालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।
हरसिद्धि मंदिर के पास बिगड़ी कई श्रद्धालुओं की तबीयत
भीड़ का सबसे ज्यादा दबाव हरसिद्धि मंदिर के सामने बैरिकेडिंग वाले क्षेत्र में बना। धक्का-मुक्की और गर्मी के चलते करीब 13 श्रद्धालुओं की अचानक तबीयत बिगड़ गई।
परिजनों और सुरक्षाकर्मियों ने तत्काल उन्हें जिला अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में सभी का इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार सभी की हालत स्थिर है और उन पर निगरानी रखी जा रही है।
घायल हुए कुछ श्रद्धालु
1. सागर पिता मनीष, निवासी किसनपुरा, उम्र 15 साल
2. सजीव नोनू चौधरी, निवासी दरभंगा, बिहार, उम्र 36 साल
3. खुशी पिता माधव राव, निवासी बड़ा गणेश, ग्वालियर, उम्र 20 साल
4. हरीशचंद्र पिता अशोक, निवासी वासना, गुजरात, उम्र 26 साल
5. तुलसी पिता जयप्रकाश, निवासी गुजरात, उम्र 15 साल
6. जय पिता जयधवन, निवासी गुजरात, उम्र 12 साल
7. लखन गोविंद
8. सोनम सिंह
साल में एक दिन खुलता है नागचंद्रेश्वर मंदिर
महाकाल मंदिर के तीसरे तल पर स्थित भगवान नागचंद्रेश्वर के पट साल में सिर्फ नागपंचमी के दिन ही खुलते हैं। इसी कारण देशभर से भक्त दर्शन के लिए उज्जैन पहुंचते हैं।
इस बार नागपंचमी और सावन का तीसरा सोमवार एक ही दिन होने से श्रद्धालुओं की संख्या सामान्य से कई गुना अधिक हो गई। मंदिर प्रशासन के अनुसार अब तक 5.50 लाख से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं।
सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
भीड़ को देखते हुए मंदिर परिसर और आसपास के मार्गों पर पुलिस बल तैनात किया गया है। श्रद्धालुओं से लाइन में अनुशासन बनाए रखने और संयम रखने की अपील की जा रही है। प्रशासन का कहना है कि दर्शन सुचारू रूप से कराने के लिए अतिरिक्त बैरिकेडिंग और मेडिकल टीमों को तैनात किया गया है।

