jhankar
ब्रेकिंग
मदिरा के अवैध विक्रय व संग्रहण के विरूद्ध नर्मदा के तटीय क्षेत्रों में 9 प्रकरण दर्ज विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण-2027 के लिए राजनीतिक दलों की बैठक संपन्न कलेक्टर ने कलेक्ट्रेट की शाखाओं का किया औचक निरीक्षण आज कैसा रहेगा मप्र का मौसम  औद्योगिक क्षेत्र में दर्दनाक हादसा, टैंकर के नीचे आने से युवक की मौत जन्मदिन पर केक नहीं, मां नर्मदा के घाट की सफाई कर दिया सेवा का संदेश आज 22- अक्टूबर - गुरुवार सुबह की देश राज्यों से बड़ी खबरें  महाराणा सेना का प्रदेश स्तरीय शस्त्र पूजन कार्यक्रम 25 अक्टूबर को हरदा में हाईवे पर चेकिंग के दौरान हादसा, कॉन्स्टेबल को लोडिंग वाहन ने कुचला, इलाज के दौरान मौत हरदा-मगरधा रोड पर हादसा: चलती ट्रॉली में पीछे से घुसी नई बाइक, युवक घायल 

हाईवे पर चेकिंग के दौरान हादसा, कॉन्स्टेबल को लोडिंग वाहन ने कुचला, इलाज के दौरान मौत

पुलिस ने 12 किमी पीछा कर लोडिंग वाहन को पकडा़

मुरैना। मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में हाईवे पर वाहन चेकिंग के दौरान एक दर्दनाक हादसे में पुलिस आरक्षक की मौत हो गई। सिविल लाइन थाने में पदस्थ आरक्षक ओमप्रकाश तिवारी ड्यूटी पर थे, तभी तेज रफ्तार मिनी लोडिंग वाहन ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी।

छौंदा टोल प्लाजा के पास हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार सिविल लाइन थाना पुलिस रोज की तरह शाम 6 बजे हाईवे पर चेकिंग पॉइंट लगाकर वाहनों की जांच कर रही थी। आरक्षक ओमप्रकाश तिवारी की ड्यूटी छौंदा टोल प्लाजा के पास लगी थी। शाम करीब 6:30 बजे उन्होंने बाइक पर सवार तीन युवकों को रोकने का प्रयास किया, लेकिन बाइक सवार भागने लगे। उन्हें पकड़ने के लिए आरक्षक हाईवे के बीच आ गए, इसी दौरान टोल से निकल रही तेज रफ्तार मिनी लोडिंग वाहन क्रमांक यूपी 80 एचटी 5447 ने उन्हें कुचल दिया।

- Install Android App -

पुलिस ने 12 किमी पीछा कर वाहन को पकड़ा

टक्कर मारने के बाद चालक वाहन लेकर भाग गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घायल आरक्षक को पहले जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत को देखते हुए ग्वालियर रेफर किया गया। ग्वालियर के बिरला अस्पताल में इलाज के दौरान रात करीब 9 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया।

इधर, सिविल लाइन थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए भाग रहे वाहन का करीब 10 से 12 किलोमीटर तक पीछा किया और नूराबाद के पास उसे पकड़ लिया। चालक को हिरासत में ले लिया गया है।

बताया जा रहा है कि मृतक आरक्षक ओमप्रकाश तिवारी पहले सेना में 17 साल तक सेवा दे चुके थे, उसके बाद मध्यप्रदेश पुलिस में भर्ती हुए थे। वह पिछले 7 साल से जिला पुलिस बल में सेवाएं दे रहे थे। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ एक्सीडेंट की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।