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Mp Breaking News: अब आ रही चांदीपुरा वायरस नामक मुसीबत, पड़ोसी राज्यों में फैल रहा चांदीपुरा वायरस, सावधान 78 मामलों मे से 28 की हो गई मौत!

हद तो तब है जब प्रदेश का स्वास्थ्य विभाग अभी सतर्क नहीं था जबकि पड़ोसी राज्यों मे चांदीपुरा वायरस से लोगो की मौत हो रही –

मकड़ाई एक्सप्रेस 24 भोपाल : प्रदेश के पड़ोसी राज्य गुजरात में चांदीपुरा वायरस के मामले सामने आने के बाद प्रदेश में स्वास्थ्य विभाग को सतर्क किया गया है। अब उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा है कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा चांदीपुरा वायरस की स्थिति पर सतत नज़र रखी जा रही है।

प्रदेश में अभी तक नहीं आया कोई मामला –

अभी तक प्रदेश में चांदीपुरा वायरस का कोई मामला नहीं आया है। पोर्टल पर सभी विवरण अपडेट कर रहे हैं। हमारे पास वायरस की पहचान के लिए सभी आवश्यक उपकरण और सुविधाएं उपलब्ध हैं। बता दें कि गुजरात में जिन रोगियों में इस बीमारी की पुष्टि हुई है उनमें एक मध्य प्रदेश का भी है।

वायरस को लेकर समीक्षा बैठक –

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स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक डॉ. अतुल गोयल ने शनिवार को गुजरात, राजस्थान और मध्य प्रदेश में बीमारी की स्थिति की विशेषज्ञों की टीम के साथ समीक्षा की। गोयल ने बताया कि 20 जुलाई तक एईएस के (एक्यूट एन्सेफेलाइटिस सिंड्रोम) के 78 मामले सामने आए हैं, जिनमें से 75 गुजरात, दो राजस्थान और एक मध्य प्रदेश से है। इनमें से 28 मामलों में मौत हो चुकी है।

स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि एईएस के संदिग्ध सैंपल नेशनल इंस्टीट्यूट आफ वायरोलाजी (एनआइवी) पुणे भेजे जा रहे हैं, पर अभी तक किसी में इस वायरस की पुष्टि नहीं हुई है।

मक्खी मच्छर काटने से होता फ्लू जैसे लक्षण नज़र आते –

यह बीमारी मच्छर या मक्खी के काटने से होती है। शुरुआत में फ्लू जैसे लक्षण दिखते हैं। पीड़ित को बुखार आता है। मस्तिष्क में सूजन होने पर रोगी की मौत भी हो सकती है। महाराष्ट्र के नागपुर जिले के चांदीपुरा गांव में वर्ष 1966 में इस वायरस से प्रभावित रोगी मिलने के बाद से इसका नाम चांदीपुरा वायरस पड़ा।

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