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भीषण गर्मी में पेयजल संकट से निपटने के लिये कलेक्टर ने जारी किए सख्त निर्देश

हरदा : कलेक्टर श्री सिद्धार्थ जैन ने जिले में आगामी ग्रीष्मकाल के दौरान ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए सभी संबंधित विभागों को विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर कार्य करने के निर्देश दिए हैं। उन्होने उन गांवों और बसाहटों की पहचान करने के निर्देश दिए हैं जहाँ पिछले वर्षों में पानी की भारी किल्लत रही है।

उन्होने इन ’समस्या मूलक’ गांवों की सूची तैयार कर वहां विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिये हैं। साथ ही, जल जीवन मिशन के तहत जिन गांवों में घरेलू नल कनेक्शन पहुंच चुके हैं, उनकी वर्तमान स्थिति का भी आकलन करने हेतु निर्देशित किया गया है।

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कलेक्टर श्री जैन ने निर्देशित किया है कि बंद पड़े हैंडपंपों को सुधारने के लिए किसी भी शिकायत के 24 घंटे के भीतर हैंडपंप दुरुस्त किए जाएं। सिंगल फेज विद्युत मोटरपंपों के चालू या बंद होने का नियमित सत्यापन किया जाए ताकि बिजली की कमी या तकनीकी खराबी से जलापूर्ति न रुके। पानी की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए सभी स्रोतों का नियमित क्लोरीनेशन सुनिश्चित किया जाए।

जिन गांवों में पेयजल का कोई अन्य स्रोत नहीं हो, वहां अंतिम विकल्प के रूप में टैंकरों के माध्यम से पानी पहुँचाने की योजना बनाई जाए। इसके लिए निजी जल स्रोतों के अधिग्रहण की कार्रवाई भी की जा सकती है। पेयजल संबंधी समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए सी.एम. हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों की नियमित समीक्षा की जाए।

अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) और जनपद पंचायत के अधिकारियों को हर 15 दिन में बैठकों का आयोजन कर स्थिति का जायजा लेने को कहा गया है। कलेक्टर श्री जैन ने स्पष्ट किया है कि इन निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाए ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में किसी भी नागरिक को पानी के लिए परेशान न होना पड़े।