भोपाल। मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध के कारण पूरी दुनिया में पेट्रोलियम उत्पादों को लेकर समस्या देखी गई। मध्य प्रदेश में भी इसका असर दिखाई दिया। रसोई गैस को लेकर लोगों को खासी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस बीच शादी का सीजन भी शुरू हो गया। ऐसे में लोगों को शादी में गैस सिलेंडर की दिक्कत ना हो, उसके लिए गैस कंपनियों ने नियम बनाया था। इस नियम के तहत शादी का कार्ड दिखाकर लोगों को गैस सिलेंडर दिया जा रहा था। लेकिन दो दिन पहले बने इस नियम को फिर से बदल दिया गया है। भोपाल में अब गैस सिलेंडर शादी के कार्ड से नहीं बल्कि शादी में कैटर्स की बुकिंग के जरिए मिलेगा।
कैटर्स अपने कनेक्शन पर एजेंसी से लेंगे सिलेंडर
नए नियम के तहत अब शादी के लिए कमर्शियल सिलेंडर शादी के कार्ड से नहीं मिलेंगे। अब शादी के लिए जिस कैटर्स की बुकिंग के जाएगी, वही कैटर्स अपने कनेक्शन से बुकिंग को दिखाकर एजेंसी से सिलेंडर लेंगे। इसके लिए कैटर्स को खाली सिलेंडर एजेंसी में जमा करना होगा, जिसके बाद एजेंसी की तरफ से भरा हुआ सिलेंडर शादी समारोह में निर्धारित समय के लिए दिया जाएगा। इसमें कैटर्स की प्रोग्राम बुकिंग की गारंटी लगेगी।
क्यों किया गया नियम में बदलाव?
रसोई गैस की किल्लत के बीच शादी में खाना बनाने के लिए समस्या से निपटने के लिए सरकार ने रियायत दी थी। इसके तहत आवेदक को अपनी शादी कार्ड और आईडी गैस एजेंसी में जमा करने थे। जिसके बदले गैस कंपनी भरा हुआ 2 सिलेंडर उपलब्ध करवाती। इसके बदले 3700 रुपये देने थे और सिक्योरिटी के रूप में 4400 रुपये देने थे। लेकिन सवाल ये है कि आखिरी दो ही दिन में इस नियम को बदलने की जरूरत क्यों पड़ गई।
दरअसल शुक्रवार को कुछ लोग शादी का कार्ड जमा करने के बाद जब गैस एजेंसी सिलेंडर लेना पहुंचे थे, लेकिन उन्हें एजेंसी की तरफ से सिलेंडर उपलब्ध नहीं करवाया गया। जिसके बाद एक उपभोक्ता ने शिकायत की। उपभोक्ता की शिकायत को देखते हुए गैस कंपनियों ने नया नियम निकाल दिया है, जिससे कि गैस सिलेंडर अब सीधे कैटर्स को ही उपलब्ध हो जाएगा और उपभोक्ता को परेशानी नहीं उठानी पड़ेगी।

