अवैध खनन रोकने गए वन विभाग के क्षेत्रीय वन अधिकारी (रेंजर) प्रताप सिंह चुंडावत की डंपर से कुचलकर हत्या कर दी
“यह हादसा नहीं, हत्या है। खनन माफिया के हौसले बुलंद है-गोविंद सिंह डोटासरा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष
मकडा़ई एक्सप्रेस 24 प्रतापगढ़। राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले से दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। अवैध खनन रोकने गए वन विभाग के क्षेत्रीय वन अधिकारी (रेंजर) प्रताप सिंह चुंडावत की डंपर से कुचलकर हत्या कर दी गई। यह घटना छोटीसादड़ी थाना क्षेत्र के श्री घाटीवाले बालाजी मंदिर के पास सोमवार रात करीब 11:30 बजे हुई।
कैसे हुई वारदात…..?
वन विभाग को सूचना मिली थी कि वन भूमि पर जेसीबी से अवैध रूप से मिट्टी की खुदाई कर डंपर से परिवहन किया जा रहा है। सूचना पर 40 वर्षीय रेंजर प्रताप सिंह अपने एक वनपाल के साथ मौके पर पहुंचे।
मौके पर मिट्टी से भरा एक डंपर खड़ा था। रेंजर ने उसे रोकने का प्रयास किया तो चालक ने रफ्तार बढ़ा दी और रेंजर को उनकी बुलेट बाइक समेत कुचल दिया। डंपर उन्हें करीब 50 मीटर तक घसीटता हुआ ले गया और फिर चालक वाहन छोड़कर जेसीबी चालक के साथ फरार हो गया।
इलाज के दौरान तोड़ा दम
साथी वनपाल ने तुरंत अधिकारियों को सूचना दी। गंभीर रूप से घायल रेंजर को पहले छोटीसादड़ी के जयचंद मोहिल उपजिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉ. विजय गर्ग ने प्राथमिक उपचार किया। हालत गंभीर होने पर उन्हें निम्बाहेड़ा जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
पुलिस ने डंपर और जेसीबी को जब्त कर लिया है और फरार चालकों की तलाश शुरू कर दी है। एसपी विशाल जांगिड़ और एफएसएल टीम ने मौके का निरीक्षण किया है।
डोटासरा बोले – यह हादसा नहीं हत्या है
इस घटना के बाद सियासत तेज हो गई है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा – “यह हादसा नहीं, हत्या है। खनन माफिया के हौसले इतने बुलंद हो गए हैं कि वे वर्दीधारी अधिकारियों को कुचल रहे हैं। यह सरकार के संरक्षण में खूनी दुस्साहस है।”
वन विभाग के कर्मचारियों और परिजनों ने शहीद रेंजर को शहीद का दर्जा देने और परिवार को मुआवजा देने की मांग की है।

