हरदा / कलेक्टर श्री ऋषि गर्ग ने पुलिस अधीक्षक श्री मनीष अग्रवाल और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री रोहित सिसोनिया के साथ गुरुवार को जिला जेल हरदा का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने आईटीआई द्वारा प्रशिक्षित बंदियों को प्रशिक्षण संबंधी प्रमाण पत्र भी वितरित किए।
कलेक्टर श्री गर्ग ने बंदियो को दो माह का प्रशिक्षण लेने पर बधाई देते हुए कहा कि हर व्यक्ति के अन्दर एक ऊर्जा एवं हुनर होता है, जरूरत इस बात की है कि हम उसे किस दिशा में ले जाते हैं। उन्होने कहा कि जब हम यहॉ पर समय व्यतीत कर ही रहे है तो क्यों न हम उस ऊर्जा को अच्छे सकारात्मक कार्य में लगाए, ताकि जब हम इस जगह से बाहर निकलें तब एक परिवर्तित अच्छे इन्सान के रूप निकलें ताकि समाज को अच्छा सकारात्मक योगदान दे सके।
उल्लेखनीय है कि जिला जेल में कलेक्टर श्री गर्ग के निर्देशन में शासकीय औद्योगिक प्रषिक्षण संस्थान, हरदा के माध्यम से रोजगार मूलक कौशल प्रशिक्षण योजना के तहत 6 महिला बंदियों को सिलाई, 10 बंदियों को कम्पयूटर एवं 15 बंदियों को इलेक्ट्रिशियन का दो मासीय व्यावसायिक प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक श्री अग्रवाल ने कहा कि अपराध से घृणा करो अपराधी से नहीं, क्यों कि प्रत्येक व्यक्ति में ईश्वर ने कुछ न कुछ विशेषताएं दी हैं, इसे निखारें। बुरे काम करने की न सोचें, बदला लेने कि भावना से कोई काम न करें। अपने समय का उपयोग सीखने में लगाएं।
जेल अधीक्षक श्री एम.एस.रावत ने अधिकारीगणों एवं बंदियों को प्रशिक्षित करने वाले आईटीआई प्रशिक्षक श्री केवलराम नागोरे, श्री नरेन्द्र बिले एवं श्रीमती मोनिका सराठे का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शासन का प्रयास है कि जेल में बंदियों को शासकीय, गैरशासकीय संस्थाओं के माध्यम से विभिन्न रचनात्मक एवं स्वरोजगार हेतु व्यावसायिक कार्य सिखाए जाएॅ, जिसका लाभ उन्हें भविष्य को बेहतर बनाने एवं सम्मानजनक जीवन जीने मे काम आ सके। कार्यक्रम में आईटीआई प्रशिक्षक श्री मण्डलोई, श्री शुभम मिश्रा, श्री सुभाष पर्ते एवं जेल स्टॉफ उपस्थित रहा।

