jhankar
ब्रेकिंग
स्वामित्व शिविरों का कलेक्टर ने किया निरीक्षण, लेकिन पटवारियों ने योजना के काम से बनाई दूरी हंडिया के शासकीय रास्ते पर अतिक्रमण की शिकायत लेकर भटक रहे सचिन तिवारी ने कहा—जमीन की नहीं, अब रिपोर... अमेरिका की 100% टैरिफ की धमकी पर भारत का कड़ा जवाब - कहा, तेल खरीदेंगे अपने हिसाब से, किसी दबाव में ... हरदा में ‘पर्यावरण की पाठशाला’ का आयोजन, एक हजार पौधारोपण का संकल्प देवास: खातेगांव के बरछा की गौशाला में बदइंतजामी का मामला राजधानी लखनऊ में कार बोनट पर युवती को घसीटने का मामला, महिला आयोग ने लिया संज्ञान आज का सुविचार: सही दिशा में सतत लगे रहने से ही सुपरिणाम आते हैं मध्य प्रदेश में फिर सक्रिय हुआ मानसून शक्ति घाट और बस स्टैंड पर चला स्वच्छता अभियान एसडीम विजय राय, ने उठाई झाड़ू भारत-पाकिस्तान के बीच समुद्र में बढ़ा विवाद, अरब सागर में टकराए दोनों देशों के युद्धपोत

स्वामित्व शिविरों का कलेक्टर ने किया निरीक्षण, लेकिन पटवारियों ने योजना के काम से बनाई दूरी

पटवारी को निष्पादक बनाए जाने का विरोध; अधिकारियों की समझाइश और दबाव के बाद भी नहीं कर रहे किसान की रजिस्ट्री का काम

हरदा। स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन-2026 योजना के तहत हरदा जिले को पायलट जिले के रूप में चयनित कर ग्राम पंचायतों में विशेष शिविर लगाए जा रहे हैं। गुरुवार को कलेक्टर सिद्धार्थ जैन ने टिमरनी विकासखंड के गोंदागांवकला और पिडगांव में आयोजित शिविरों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। हालांकि, दूसरी ओर प्रदेश के पटवारियों के संगठन मध्यप्रदेश पटवारी संघ द्वारा स्वामित्व योजना में पटवारी को ‘निष्पादक’ बनाए जाने के विरोध के चलते जिले में पटवारियों ने योजना से जुड़े कार्य से दूरी बना रखी है।

अधिकारियों की समझाइश के बाद भी नहीं माने पटवारी

बताया गया कि जिले के वरिष्ठ अधिकारियों की ओर से पटवारियों को योजना का काम करने के लिए समझाइश के साथ निर्देश भी दिए गए, लेकिन पटवारी संघ के विरोध के चलते पटवारियों ने स्वामित्व योजना के अंतर्गत किसान की रजिस्ट्री संबंधी कार्य नहीं किया। कुछ लोगों ने ई-सेवा पोर्टल के माध्यम से अपने आवेदन प्रस्तुत किए हैं, जो पोर्टल पर प्रदर्शित हो रहे हैं, लेकिन संबंधित पटवारियों द्वारा इस प्रक्रिया में आगे की कार्रवाई नहीं की जा रही है।

नियमित राजस्व कार्य करते रहे पटवारी

- Install Android App -

स्वामित्व योजना के कार्य से दूरी के बावजूद पटवारी अपने नियमित दायित्वों का निर्वहन करते रहे। जिले में पटवारियों द्वारा गिरदावरी, ई-केवाईसी, फार्मर आईडी सहित अन्य राजस्व संबंधी कार्य किए जाते रहे। पटवारियों का कहना है कि वे अपने नियमित और निर्धारित दायित्वों का लगातार निर्वहन कर रहे हैं, लेकिन जिस प्रक्रिया में उन्हें निष्पादक की भूमिका दी गई है, उसका संघ स्तर पर स्पष्ट विरोध किया गया है।

क्या है विवाद

स्वामित्व योजना में आबादी अधिकार अभिलेख के निष्पादन एवं पंजीयन की प्रक्रिया में पटवारी को निष्पादक बनाए जाने को लेकर प्रदेशभर में विरोध सामने आया है। पटवारी संघ का तर्क है कि निष्पादक की भूमिका से पटवारियों पर अतिरिक्त कानूनी एवं प्रशासनिक जिम्मेदारी आएगी। इसी मुद्दे को लेकर संघ ने विरोध दर्ज कराया है। हरदा जिले में भी इसका असर योजना के क्रियान्वयन पर दिखाई दे रहा है।

कलेक्टर ने देखीं शिविर की व्यवस्थाएं

इधर, शासन की योजना के तहत प्रशासन द्वारा शिविरों का आयोजन जारी है। कलेक्टर सिद्धार्थ जैन ने गुरुवार को टिमरनी विकासखंड के ग्राम गोंदागांवकला में ग्राम पंचायत कार्यालय पहुंचकर स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन शिविर की व्यवस्थाएं देखीं।

इसके बाद उन्होंने पिडगांव के ग्राम पंचायत भवन में आयोजित शिविर का भी निरीक्षण किया। अधिकारियों को योजना के कार्यों को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान एसडीएम टिमरनी शैलेन्द्र बड़ोनिया, ग्राम सरपंच राकेश कलवानिया सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।