किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों और शासकीय योजनाओं की मिलेगी जानकारी
सीएम हेल्पलाइन की कोई शिकायत न रहे नॉट अटेंडेड, जनसुनवाई के आवेदनों का गंभीरता से करें निराकरण – कलेक्टर
हरदा : कलेक्टर कुमार सत्यम के निर्देशानुसार जिले में किसानों को शासकीय योजनाओं और आधुनिक कृषि तकनीकों की जानकारी देने के उद्देश्य से इस सप्ताह तीन स्थानों पर किसान चौपालों का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत 3 नवंबर को टिमरनी विकासखंड के रूंदलाय, 4 नवंबर को खिरकिया विकासखंड के सिराली तथा 5 नवंबर को हरदा विकासखंड के देवतालाब में किसान चौपाल आयोजित होगी।
इन चौपालों में कृषि, पशु चिकित्सा, डेयरी, उद्यानिकी, विद्युत, राजस्व, ग्रामीण विकास, कृषि विज्ञान केंद्र एवं कृषि अभियांत्रिकी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहेंगे। चौपालों में किसानों को आधुनिक कृषि यंत्रों के उपयोग, नरवाई प्रबंधन, उन्नत बीज एवं खाद, उद्यानिकी फसलों के विस्तार, मछली पालन, पशुपालन, केसीसी और फसल ऋण सहित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी जाएगी।
साथ ही बिजली बिल संबंधी समस्याओं, सिंचाई, जल संरक्षण, सौर ऊर्जा योजनाओं तथा सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के बारे में भी बताया जाएगा। इस दौरान किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों से अवगत कराने के साथ आधुनिक कृषि यंत्रों का प्रदर्शन भी किया जाएगा। सभी चौपालें शाम 4 बजे से आयोजित होंगी।
सोमवार को आयोजित समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक में कलेक्टर कुमार सत्यम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कृषि चौपालों की गतिविधियां प्रभावी और उपयोगी हों, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीण एवं किसान इनका लाभ उठा सकें। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में कलेक्टर ने स्वामित्व रजिस्ट्री योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कार्य में तेजी लाने को कहा। उन्होंने आरसीएमएस में दर्ज राजस्व प्रकरणों के निराकरण की स्थिति की भी समीक्षा की। सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों पर चर्चा करते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायत का समय-सीमा में संतुष्टिपूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जाए। कोई भी शिकायत नॉट अटेंडेड नहीं रहनी चाहिए।
कलेक्टर ने जल संसाधन विभाग को नहरों की सफाई के कार्य में तेजी लाने तथा संबल योजना के लंबित प्रकरणों का निर्धारित समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उनका प्राथमिकता के आधार पर निराकरण सुनिश्चित करने के लिए सभी अधिकारियों को निर्देशित किया। बैठक में वनमंडलाधिकारी ज्योति मुड़िया, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी नरोत्तम भार्गव, अपर कलेक्टर पुरुषोत्तम कुमार एवं अनुपमा चौहान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

