jhankar
ब्रेकिंग
Aaj Ka Rashifal: आज दिनांक 11 अप्रैल 2026 का राशिफल, जानिए आज क्या कहते है आपके भाग्य के सितारे MP BIG NEWS: एंब्रोसिया सीड्स प्रोड्यूसर प्रालि जिसने समर्थन मूल्य 8,768 रु. क्विंटल वाली मूंग को 25... इंदौर में ‘वंदे मातरम’ विवाद: राष्ट्रगीत के मुद्दे पर गरमाई सियासत! बीजेपी का प्रदर्शन, पुतला दहन इंदौर में लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई, उपयंत्री 15 हजार रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार उज्जैन में 21 घंटे बाद बोरवेल से निकाला गया 3 साल का मासूम, पहुंचाया गया अस्पताल इंदौर सुसाइड केस: थाना प्रभारी लाइन अटैच, SI पहले ही सस्पेंड, पुलिस पर उठे सवाल मधुमक्खियों का तांडव! गाडरवारा रेलवे स्टेशन पर यात्रियों पर किया हमला मथुरा में बड़ा हादसा: यमुना में पांटून पुल से टकराई नाव, 10 की मौत थाना अरेरा हिल्स पुलिस ने गांजा तस्कर को किया गिरफ्तार, 1300 ग्राम गांजा जप्त शाजापुर: 12 नामजद समेत 150 कांग्रेसियों पर केस दर्ज, SP ने कहा- सुरक्षा चूक पर TI होंगे जिम्मेदार

किसानों से की जा रही वसूलीयों की अंतिम तिथि 15 मई 2026 की जावे :- हरदा विधायक डॉ. दोगने

हरदा :- हरदा विधायक डॉ. रामकिशोर दोगने द्वारा किसानों के हितों को दृष्टिगत रखते हुए मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र प्रेषित कर रबी विपणन वर्ष 2026-27 में समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन की तिथि के परिप्रेक्ष्य में किसानों से की जा रही विभिन्न वसूलीयों की अंतिम तिथि 15 मई 2026 किए जाने की मांग की गई है।

हरदा विधायक डॉ. दोगने द्वारा प्रेषित किए गए पत्र में लेख किया गया है कि राज्य शासन द्वारा रबी विपणन वर्ष 2026-27 के अंतर्गत समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन की तिथि 10 अप्रैल 2026 निर्धारित की गई है। प्रदेश के कृषकगण अपनी उपज का विक्रय इसी तिथि के पश्चात शासकीय उपार्जन केन्द्रों पर करेंगे, जिसके फलस्वरूप उन्हें भुगतान राशि प्राप्त होने में लगभग 15 से 20 दिवस का समय लगता है।

- Install Android App -

वर्तमान में जिला सहकारी बैंकों द्वारा कृषकों से कृषि ऋण की वसूली की जा रही है, साथ ही विद्युत वितरण कंपनियों द्वारा भी बकाया विद्युत बिलों की वसूली की जा रही है। इसके अतिरिक्त अन्य विभागों द्वारा भी विभिन्न प्रकार की देय राशियों की वसूली की कार्यवाही जारी है। ऐसी स्थिति में ऋण जमा न हो पाने के कारण बड़ी संख्या में कृषकों के डिफॉल्टर घोषित होने की गंभीर संभावना निर्मित हो रही है।

जिससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा, बल्कि भविष्य में उन्हें सहकारी संस्थाओं से ऋण प्राप्त करने में भी कठिनाई का सामना करना पड़ेगा। यह स्थिति किसानों के हित में अत्यंत चिंताजनक है क्योंकि उपज विक्रय से प्राप्त होने वाली राशि से पूर्व ही उनसे वसूली की जा रही है। यह परिस्थिति कृषकों के हित में उचित नहीं है।

इस हेतु मैं मांग करता हूँ कि कृषक हित को दृष्टिगत रखते हुए जिला सहकारी बैंकों द्वारा की जा रही ऋण वसूली, विद्युत विभाग द्वारा की जा रही वसूली तथा अन्य विभागों द्वारा की जा रही समस्त वसूलियों की अंतिम तिथि को बढ़ाकर दिनांक 15 मई 2026 किए जाने हेतु आवश्यक निर्देश प्रदान करने का कष्ट करें, जिससे कृषकों को राहत प्राप्त हो सके।