आतंकी साजिश का बड़ा खुलासा
मकड़ाई एक्सप्रेस 24उप्र । प्रदेश एटीएस (ATS) ने एक बड़े टेरर मॉड्यूल का भंडाफोड़ करते हुए देश के कई राज्यों में फैले आतंकी नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। जांच में सामने आया है कि मेरठ का रहने वाला संदिग्ध आतंकी साकिब डिजिटल प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल कर देश के खिलाफ एक बड़ी साजिश रच रहा था।
टेलीग्राम के जरिए ‘डिजिटल’ जिहाद की तैयारी
एटीएस की पड़ताल में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि साकिब ने एक दर्जन से अधिक टेलीग्राम ग्रुप बनाए थे। इन ग्रुप्स के जरिए वह उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा और मुंबई के युवाओं को जोड़ रहा था। साकिब इन समूहों में भड़काऊ पोस्ट, कट्टरपंथी वीडियो और दिल्ली ब्लास्ट जैसे हमलों के फुटेज साझा कर युवाओं का ब्रेनवॉश कर रहा था। उसका मुख्य उद्देश्य कम समय में एक बड़ी ‘स्लीपर सेल’ तैयार करना था।
पाकिस्तानी हैंडलर्स और दुबई कनेक्शन
जांच में यह भी सामने आया है कि इस पूरे नेटवर्क के तार सरहद पार से जुड़े हैं। सूत्रों के मुताबिक, दुबई में बैठे आकिब नामक शख्स ने साकिब का संपर्क पाकिस्तानी हैंडलर्स से कराया था। पाकिस्तानी आकाओं के इशारे पर ही साकिब को भारत में नेटवर्क विस्तार की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। एटीएस ने साकिब के साथ अरबाब, लोकेश और विकास को भी गिरफ्तार किया है, जो फिलहाल रिमांड पर हैं।
हथियारों की तस्करी और फायरिंग प्रैक्टिस
साकिब न केवल युवाओं को उकसा रहा था, बल्कि वह जमीनी स्तर पर हमले की तैयारी भी कर चुका था। पूछताछ में उसने स्वीकार किया है कि वह पंजाब के हथियार तस्करों के संपर्क में था और बड़े पैमाने पर असलहा खरीदने की योजना बना रहा था। साकिब ने खुद भी फायरिंग की ट्रेनिंग ली थी, जिसके पुख्ता सबूत उसके मोबाइल फोन से बरामद हुए हैं।
सुरक्षा एजेंसियों की बड़ी कार्रवाई
एटीएस अब उन सैकड़ों युवाओं की पहचान करने में जुटी है जो साकिब के टेलीग्राम ग्रुप्स का हिस्सा थे। अधिकारियों का मानना है कि रिमांड के दौरान अभी कई और बड़े नामों का खुलासा हो सकता है। बरामद वीडियो और चैट से यह साफ है कि यह ग्रुप दिल्ली जैसे बड़े बम धमाकों को अंजाम देने की फिराक में था।

