jhankar
ब्रेकिंग
हंडिया में अतिक्रमण का विस्तार, कार्रवाई का इंतजार! शरद पूर्णिमा पर अस्थमा-दमा के रोगियों को मिलेगी विशेष आयुर्वेदिक औषधि - टिमरनी आज से तीन दिन बंद रहेगी कृषि उपज मंडी अमिताभ बच्चन को जान से मारने की धमकी से मुंबई में हड़कंप, दिलजीत दोसांझ भी निशाने पर फीस के लिए TC और मूल दस्तावेज रोकना गैरकानूनी - राजस्थान हाईकोर्ट हरदा ब्रेकिंग: जमीन विवाद में खूनी संघर्ष, अस्पताल के वार्ड में भी भिड़े दोनों पक्ष! नवजात को लावारिस छोड़ने के मामले में युवती व उसकी मां पर मामला दर्ज, कई सवालों के नहीं मिल रहे जवाब ! अबगाँवकला एवं रन्हाईकला में बाल सुरक्षा जागरूकता कार्यशाला सम्पन्न कृषि आदान विक्रेताओं की दुकानों का सघन निरीक्षण, बीज के 42 नमूने लिए नगरीय प्रशासन आयुक्त संकेत भोंडवे पहुंचे,राम वाटिका शिवराज पार्क मल्टी का किया निरीक्षण

Big News Mp: जिला अस्पताल की लापरवाही, कड़ाके की ठंड में प्रसव दर्द से तड़पती महिला ने अस्पताल गेट पर दिया बच्ची को जन्म !

सरकार द्वारा चलाई जा रही सभी योजनाएं उस समय बेमानी हो जाती है जब वास्तविक हितग्राही को उसका लाभ नही मिल पाता हैं। कुछ मामले ऐसे भी जहां मानवीय संवेदनाएं शून्य हो जाते है। दिसंबर की कड़कड़ाती ठंड  एक प्रसूता ने अस्पताल में स्ट्रेचर न मिलने से फर्श पर बच्ची को जन्म दिया।

मकड़ाई एक्सप्रेस 24 शिवपुरी : सरकार द्वारा चलाई जा रही सभी योजनाएं उस समय बेमानी हो जाती है जब वास्तविक हितग्राही को उसका लाभ नही मिल पाता हैं। दिसंबर की कड़कड़ाती ठंड में एक प्रसूता ने अस्पताल में स्ट्रेचर न मिलने से फर्श पर बच्चे को जन्म दिया। प्रसव के दौरान साथ आई महिलाओं ने शाल से आड़ की। अस्पताल प्रबंधन ओर स्टाफ द्वारा किसी तरह से प्रसव दर्द से कराहती महिला को मदद न दिया जाना देख ऐसा लगता है, कि अस्पताल प्रबंधन की मानवता अब शून्य हो गई है।

- Install Android App -

अस्पताल में प्रसव से जुड़ी घटित लापरवाहियों में वृद्धि हो रही है। शुक्रवार और शनिवार की रात को एक प्रसूता को स्ट्रेचर नहीं मिलने और स्टाफ द्वारा उचित सहयोग नहीं मिलने के कारण, एक महिला ने कड़कड़ाती सर्दी में शॉल की आड़ लेकर खुले में ही बच्चे को जन्म देना पड़ा। खोरघार निवासी राजनीदेवी जाटव को शुक्रवार रात प्रसव की पीड़ा हुई, और उसके स्वजनों ने 108 एंबुलेंस को फोन किया। जब तक एंबुलेंस गांव पहुंची, तब तक प्रसव की पीड़ा काफी बढ़ गई थी, लेकिन किसी भी तरह से महिला को सुरक्षित जिला अस्पताल पहुंचाया गया। अस्पताल के गेट पर, बच्चे को जन्म देने की पीड़ा को देखते हुए महिला को अस्पताल के  अंदर तक ले जाने के लिए स्ट्रेचर की तलाश की, परंतु उन्हें कहीं भी स्ट्रेचर नहीं मिला और न ही कोई स्टाफ। इसी दौरान प्रसव की पीड़ा बढ़ने की वजह से महिला को अस्पताल की चौखट पर ही खुले में प्रसव हो गया। महिला को प्रसव होते देख वहां मौजूद महिलाओं ने अपनी साड़ी और शाल की आड़ कर महिला का प्रसव करवाया, लेकिन इसके बावजूद अस्पताल का कोई भी स्टाफ मौके पर नहीं पहुंचा|प्रसूता को प्रसव हो गया तब अस्पताल का स्टाफ मौके पर पहुंचा और प्रसूता को लेबर रूम में ले जाया गया। जब प्रसूता लेबर रूम में पहुंच गई तो अस्पताल के स्टाफ ने महिला के प्रसव को सामान्य प्रसव बताकर कागजी खानापूर्ति कर ली। प्रसूता और उसकी बच्ची की हालत फिलहाल समान्य बताई जा रही है।