इंदौर : भारतीय किसान यूनियन ने मंडीयों में हो रही गड़बड़ी और भ्रष्टाचार को लेकर मुख्यमंत्री ने नाम सौंपा ज्ञापन
इंदौर। भारतीय किसान यूनियन प्रदेश कार्यकारिणी द्वारा इंदौर की अहिल्याबाई मंडी एवं (चोइथराम) मंडी मे कर्मचारियों और दलालों द्वारा मिलकर किसानों के साथ हो रही और भ्रष्टाचार के विरूद्ध मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया गया है। एवं प्रदेश भर मे धरना प्रदर्शन कर चक्का जाम करने के लिए शासन प्रशासन को अवगत कराया गया। लेकिन आज तक मंडीयो मे हो रहा भ्रष्टाचार और गडबडी पर कोई भी कार्यवाही नहीं की गई। अधिकारियों द्वारा इस पर चर्चा करने के उपरांत तानाशाही रवैया अपनाया गया है। अगर अधिकारियों द्वारा किसी भी प्रकार से सुनवाई नहीं हुई तो भारतीय किसान यूनियन द्वारा प्रदेश व्यापी धरना प्रदर्शन एवं चक्का जाम करने के लिए मजबूर हो जाएगा। भारतीय किसान यूनियन द्वारा उठाए गए विभिन्न मुद्दों पर जल्द से जल्द कार्यवाही की जाए अन्यथा ज्ञापन के 3 दिनों के उपरांत भारतीय किसान यूनियन प्रत्येक दिन जिलावार धरना प्रदर्शन एवं चक्का जाम करेगा।
भारतीय किसान यूनियन की यह है मांगे-
1. सभी किसानों को अपनी उपज मूल्य का 1,99,000/- मंडी के संज्ञान में लाने एवं तुरंत भुगतान किया जावे।
2. आलू, प्याज, लहसुन की किसानों को मंडी की मध्यस्थता में 100 प्रतिशत नीलामी पर्ची, तौल पर्ची एवं भुगतान पर्ची मिले।
3. मंडी अधिनियम के तहत आलू, प्याज, लहसुन की विक्री के उपरांत किसानों को यातो बारदाना वापस दिया जाए या उसका मूल्य दिया जावे।
4. प्रदेश की अन्य मंडियों की तरह लहसुन एवं प्यास की 100 प्रतिशत सरकारी निलामी चालू हो।
5. किसानों को तौल पर्ची दी जावे।
6. मंडी अधिनियम के तहत सारे कार्य किये जायें और उसमें पारदर्शिता लायी जावे।

