मकड़ाई समाचार हरदा। जिले के थाना छीपाबड़ चौकी खिरकिया अंतर्गत में सट्टा कारोबार चरम सीमा पर है। यहां लंबे समय से सट्टा माफिया के द्वारा अपने गुर्गों के माध्यम से पुलिस से सांठगांठ करके सट्टा के कारोबार को खुलेआम संचालित किया जा रहा है। रेलवे क्रॉसिंग के दोनों ओर स्थित दोनों होटलों में खिरकिया के दिग्गज सट्टा किंग द्वारा कारोबार को लंबे समय से चलाया जा रहा है। आमजन की माने तो पुलिस का महीना बधा है । इस नाते विरोध शिकायत को नजरअंदाज करते हुए खुलेआम सट्टा कारोबारियों को संरक्षण दिया जा रहा है। छीपाबड़ में कई जगह बच्चे बूढे सबको पता है कि सट्टा कहा लिखाता है। बस पुलिस एव स्थानीय बिट प्रभारी को कोई जानकारी नही रहती। यह भी एक बड़ा सवाल उठता है कि आखिर पुलिस का मुखबिर तंत्र इतना कमजोर कैसे।
वरिष्ठ पत्रकार श्री चौहान ने आलाधिकारियों से की शिकायत
पत्रकार संघ के अध्यक्ष डी एस चौहान ने
होशंगाबाद में आईजी दीपक वर्मा और भोपाल में पुलिस महानिदेशक को इस संबंध में शिकायत की।
5 सो में लाखों का दांव पेच , पैसों के लालच में युवा किसान भी हो रहे बर्बाद
पांच सौ में लाखों का लेन देन होता हैं। सट्टा किंग लाखो के के बारे न्यारे करता है। एक लगाओ सौ पाओ का लालच देकर लोगों को आकर्षित करके कंगाल कर रहे हैं। अपने कारोबार का विस्तार गांव-गांव, गली-गली तक कर दिया है।। सट्टा किंग ने चारों तरफ एजेंट बनाकर अपना साम्राज्य स्थापित किए हुए हैं । लंबे अरसे से दोनों सट्टा किंग का साम्राज्य सुर्खियों मे है । जो जग जाहिर है फिर भी किसी प्रकार की कोई कार्यवाही नहीं होने से जाहिर हो रहा है कि पुलिस और राजनीतिज्ञ दोनों का संरक्षण उन्हें मिला हुआ है। जिनके बलबूते पर अधिनियम के कठोर प्रावधानों को अंगूठा दिखाते हुए सट्टा कारोबार का जाल बिछा दिए हैं। युवा से लेकर बूढ़े तक सट्टा के चंगुल में फंसकर अपना भविष्य चौपट कर रहे हैं । कई परिवार जहां बर्बाद हो चुके हैं और वहीं कई बर्बादी की कगार पर हैं ,फिर भी पुलिस आंख पर पट्टी बांधे गांधारी की भूमिका निभाते हुए मूकदर्शक बनी है।
क्या कहते है जवाबदार
सटोरियों को पकड़ने के पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन में धड़पकड़ अभियान जारी है।शीघ्र ही सटोरियों को गिरफ्तार कर कठोर कानूनी कार्यवाही की जाएगी।

