बालाघाट। मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले में 10 नक्सलियों ने सरेंडर किया है, ये इतिहास का सबसे बड़ा नक्सली सरेंडर माना जा रहा है। इसे सुरक्षाबलों की बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। छत्तीसगढ़ में नक्सल विरोधी अभियान के तेज होने के बाद नक्सली सीमा पार करके पड़ोसी राज्यों में भाग रहे हैं। बालाघाट, एमपी का एकमात्र नक्सल प्रभावित जिला है। ये छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के साथ सीमा साझा करता है।
बताया जा रहा है कि बालाघाट में केबी (कान्हा-भोरमदेव) डिवीजन के 10 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। इस डिवीजन का लीडर सेक्रेट्री सुरेन्द्र उर्फ कबीर ने भी सरेंडर कर दिया है। कबीर पर सरकार ने 77 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। सरेंडर करने वाले नक्सलियों में 4 महिला और 6 पुरुष नक्सली शामिल हैं। आत्मसमर्पित नक्सली रविवार (7 दिसंबर) को सीएम मोहन यादव को हथियार सौंप सकते हैं।

