मकड़ाई एक्सप्रेस 24 नई दिल्ली| भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने एक नए पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने की चेतावनी जारी की है। इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में देश के एक बड़े हिस्से में मौसम की गतिविधियों में भारी बदलाव देखने को मिल सकता है। विभाग के अनुसार, उत्तर-पश्चिम भारत से लेकर पूर्वोत्तर राज्यों तक आंधी, बिजली गिरने और तेज हवाओं का दौर शुरू होने की संभावना है।
पहाड़ी और मैदानी इलाकों में बारिश का पूर्वानुमान
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में व्यापक वर्षा और गरज-चमक के साथ ऊंचे इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई गई है। इसका सीधा असर मैदानी इलाकों पर भी पड़ेगा। पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में रुक-रुक कर हल्की बारिश और बिजली चमकने की गतिविधियां हो सकती हैं।
> विशेष चेतावनी मैदानी क्षेत्रों के कुछ हिस्सों में 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवाएं चल सकती हैं। साथ ही छिटपुट ओलावृष्टि की भी आशंका है, जिससे सामान्य जनजीवन और यातायात प्रभावित हो सकता है।
पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत में भारी वर्षा का अलर्ट
पश्चिमी विक्षोभ का असर केवल उत्तर भारत तक सीमित नहीं रहेगा। IMD के मुताबिक:
अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय- यहाँ के कुछ हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी दी गई है।
बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल- इन राज्यों में तेज हवाओं के साथ बिजली कड़कने और ओलावृष्टि की संभावना है।
मध्य और दक्षिण भारत की स्थिति
मध्य भारत के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ छिटपुट बारिश और ओले गिर सकते हैं। वहीं, दक्षिण भारत के केरल, तमिलनाडु, कर्नाटक और तेलंगाना में हल्की से मध्यम बारिश होने की उम्मीद है। कुछ विशेष क्षेत्रों में भारी वर्षा का अनुमान भी लगाया गया है।
मौसम विभाग ने नागरिकों को सलाह दी है कि वे खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहें और ऊंचे पेड़ों या बिजली के खंभों से दूर रहें।

