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मौत के साए में पांच घंटे… भालू शवों के पास डटा रहा, गांव में मचा कोहराम

कांकेर (छत्तीसगढ़)। जंगल से सटे इलाकों में इंसान और वन्यजीवों के बीच बढ़ता टकराव एक बार फिर दर्दनाक त्रासदी बनकर सामने आया। कांकेर जिले में एक जंगली भालू ने भाई-बहन पर जानलेवा हमला कर दिया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद भालू करीब पांच घंटे तक शवों के पास बैठा रहा और किसी को भी नजदीक नहीं आने दिया। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची, लेकिन भालू शवों से हटने को तैयार नहीं था। हालात की गंभीरता को देखते हुए रायपुर से विशेष वन विभाग की टीम बुलाई गई। इस दौरान स्थानीय विधायक आशाराम नेताम भी मौके पर पहुंचे और मृतकों के परिजनों को हर संभव सहायता तथा तत्काल मुआवजा दिलाने का भरोसा दिया।

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काफी मशक्कत के बाद वन विभाग की टीम ने भालू को ट्रेंकुलाइज (बेहोश) कर काबू में लिया। जैसे ही भालू बेहोश हुआ, आक्रोशित ग्रामीणों ने उस पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। वन विभाग और पुलिस ने लोगों को रोकने की कोशिश की, लेकिन गुस्साए ग्रामीण लगातार हमला करते रहे।

इसके बाद वन विभाग की टीम ने बेहोश भालू और दोनों मृतकों के शवों को सुरक्षित बाहर निकाला। घटना के बाद नाराज ग्रामीणों ने मौके पर मौजूद मीडिया कर्मियों की गाड़ियों को भी कुछ समय तक रोककर विरोध जताया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में भालुओं की बढ़ती गतिविधियों के बावजूद प्रभावी निगरानी और सुरक्षा इंतजाम नहीं होने से ऐसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। लोगों ने वन विभाग से संवेदनशील क्षेत्रों में ठोस बचाव और जागरूकता अभियान चलाने की मांग की है।