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छिंदवाड़ा में विकास के दावे फेल: पुल-सड़क नहीं, गर्भवती को खटिया पर नदी पार कराकर पहुंचाया अस्पताल

मकडा़ई एक्सप्रेस 24 छिंदवाडा़ । मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा विकासखंड अंतर्गत ग्राम हथोड़ा, लोहरी मोहल्ला का है। इस बस्ती में करीब 20 परिवार रहते हैं। लोहरी मोहल्ले की 35 वर्षीय गर्भवती महिला सविता विश्वकर्मा को शाम अचानक तेज प्रसव पीड़ा हुई। परिजनों ने तुरंत 108 एंबुलेंस/जननी एक्सप्रेस को कॉल किया। लेकिन गांव तक न सड़क है न पुल, बीच में बरसाती नदी बहती है। एंबुलेंस चालक ने जर्जर रास्ते और नदी पार करने का कोई रास्ता न होने से गांव की सीमा में घुसने से इनकार कर दिया। समय पर मदद न मिलने से महिला की डिलीवरी घर पर ही हो गई।

जान जोखिम में डाल खटिया पर की नदी पार

डिलीवरी के बाद जच्चा और नवजात दोनों की हालत बिगड़ने लगी। एंबुलेंस न मिलने पर गांव के युवाओं ने खटिया/चारपाई पर मां-बच्चे को लिटाया और अपने कंधों पर उठाकर उफनती नदी के तेज बहाव के बीच से पार कराया। रास्ते में ही महिला ने बच्चे को जन्म दे दिया। यह दृश्य बेहद मार्मिक था, लोग जान दांव पर लगाकर एक जान बचा रहे थे।

जच्चा बच्चा बाइक से पहुंचे अस्पताल 

नदी पार करने के बाद भी मुख्य सड़क पर एंबुलेंस नहीं मिली। मजबूर होकर परिजनों ने जच्चा-बच्चे को बाइक पर बैठाया और किसी तरह अस्पताल पहुंचाया, जहां काफी मशक्कत के बाद डॉक्टरों की देखरेख में भर्ती किया गया। राहत की बात ये रही कि मां और बच्चा दोनों सुरक्षित हैं।

समस्या की जड़: दशकों से पुल-सड़क की मांग अनसुनी

ग्रामीणों का कहना है कि मुख्य सड़क तक पहुंचने के लिए उन्हें हर हाल में नदी पार करनी पड़ती है। पिछले कई दशकों से शासन-प्रशासन से पुलिया और पक्की सड़क की मांग कर रहे हैं, पर विभागीय उदासीनता के चलते आज तक काम नहीं हुआ। बरसात में नदी का जलस्तर बढ़ते ही गांव बाहरी दुनिया से कट जाता है। बच्चों को स्कूल जाने के लिए भी नदी पार करनी पड़ती है, हादसे का खतरा हर वक्त रहता है। ग्रामीण गोपाल विश्वकर्मा ने बताया कि कई बार अधिकारियों-जनप्रतिनिधियों से शिकायत की, हर बार सिर्फ आश्वासन मिला, काम नहीं हुआ।

अब प्रशासन क्या कर रहा है

 वीडियो वायरल के बाद हरकत में प्रशासन

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घटना का वीडियो सामने आने के बाद स्वास्थ्य व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं पर सवाल उठे।

जांच के आदेश

कलेक्टर ने अमरवाड़ा SDM को तत्काल जांच के आदेश दिए हैं और लोहरी मोहल्ला तक पहुंच मार्ग का प्रस्ताव तैयार करने को कहा है।

पुलिया का आश्वासन

स्थानीय प्रशासन ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया है कि बरसात बाद प्राथमिकता पर नदी पर पुलिया निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। अभी अस्थायी तौर पर बांस का पुल बनाने की बात कही गई है।

स्वास्थ्य विभाग का बयान

CMHO छिंदवाड़ा ने कहा कि 108 एंबुलेंस ड्राइवर को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। गर्भवती महिलाओं के लिए ‘मोबाइल मेडिकल यूनिट’ भेजने की व्यवस्था की जाएगी।

मोहन सरकार पर उठा सवाल

MP की मोहन सरकार ‘विकास’ और ‘डिजिटल इंडिया’ के बड़े-बड़े दावे करती है, पर 2026 में भी छिंदवाड़ा जैसे जिले में 20 परिवारों की बस्ती तक एंबुलेंस नहीं पहुंच पा रही। हर बारिश में संपर्क टूट जाता है। जच्चा-बच्चे की जान बच गई, पर सिस्टम की पोल खुल गई।यह पहली घटना नही मप्र हर वर्ष इस प्रकार की घटनाए हो रही है।