सिवनी मालवा। ग्राम बराखड़ में गो तस्करी के आरोप में चर्चित घटना में एडीजे न्यायालय ने शुक्रवार को ऐतिहासिक फैसला सुनाया। एडीजे तबस्सुम खान की अदालत ने अमरावती महाराष्ट्र निवासी नाजिर अहमद की मौत के मामले में दोषी पाए गए सभी 14 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
करीब 3 साल तक चली न्यायिक प्रक्रिया के बाद आए फैसले ने पूरे इलाके को हिला दिया। घटना के बाद पुलिस ने 14 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
फैसले के बाद कोर्ट में भावुक माहौल
सजा सुनते ही कोर्ट परिसर में मौजूद आरोपियों के परिजनों की चीखें निकल गईं। बड़ी संख्या में परिजन तुरंत न्यायालय पहुंच गए। आरोपियों को जेल ले जाने के लिए पुलिस जब वाहन में बैठा रही थी, तभी परिजनों ने विरोध शुरू कर दिया। कुछ परिजन पुलिस वाहन के सामने लेट गए और आरोपियों को ले जाने से रोकने लगे। पुलिस और परिजनों के बीच धक्का-मुक्की व झूमाझटकी की नौबत आ गई। परिजनों ने वाहन को हाथों से रोकने का भी प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने स्थिति पर काबू पाया और सभी दोषियों को जेल रवाना किया।
फैसले के बाद परिजन रो-रोकर बेहाल थे। उनका कहना था कि उनके बच्चे गौसेवा के उद्देश्य से गए थे, लेकिन उन्हें इस घटना की इतनी बड़ी सजा भुगतनी पड़ रही है। वहीं कोर्ट के फैसले के बाद पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया और न्यायालय परिसर की सुरक्षा बढ़ा दी गई।

