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टिमरनी के बरूड़घाट में कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न

कृषकों ने कस्तूरी भिंडी के खेत का किया भ्रमण

हरदा : कृषि विज्ञान केंद्र, हरदा ने मंगलवार को विकासखंड टिमरनी के ग्राम बरूड़घाट में कृषकों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण एवं प्रक्षेत्र भ्रमण कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम में केंद्र के वरिष्ठ तकनीकी अधिकारी डॉ. मुकेश कुमार बंकोलिया,  रितेश बागोरा तथा किसान कल्याण एवं कृषि विकास विभाग अंतर्गत आत्मा परियोजना से डॉ. श्रीचंद जाट, राहुल चौहान एवं ऋतिक तँवर, कृषि विस्तार अधिकारी उपस्थित रहे।

सोयाबीन में कीट-रोग प्रबंधन पर दी जानकारी

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प्रशिक्षण के दौरान डॉ. मुकेश कुमार बंकोलिया ने किसानों को वर्तमान समय में सोयाबीन फसल में दिखाई देने वाले प्रमुख कीट, रोग एवं अन्य व्याधियों की पहचान, उनके नियंत्रण एवं समेकित प्रबंधन तकनीकों के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने किसानों को फसल की वर्तमान अवस्था को देखते हुए समय पर निगरानी, उचित निदान और अनुशंसित कृषि रसायनों के विवेकपूर्ण उपयोग की सलाह दी।

रितेश बागोरा ने प्राकृतिक खेती, जैविक उपायों एवं ट्राइकोडर्मा के उपयोग और उसके महत्व पर प्रकाश डाला। आत्मा परियोजना से डॉ. श्रीचंद जाट ने किसानों को आत्मा विभाग एवं कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं, उनके लाभ और लाभ लेने की प्रक्रिया के बारे में विस्तृत चर्चा की।

कस्तूरी भिंडी के खेत का भ्रमण

प्रशिक्षण के पश्चात ग्राम में लगे कस्तूरी भिंडी के खेत का भ्रमण एवं अवलोकन किया गया। इस दौरान ग्राम के प्रगतिशील कृषक रामविलास टाले, शैलेन्द्र कलम, लाल सिंह परते, दलपत सिंह चौहान, संतोष टाले एवं सरपंच राजकुमार सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। कृषि विज्ञान प्रमुख डॉ. संध्या मुरे ने बताया कि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किसानों को वैज्ञानिक तकनीक अपनाने, कीट-रोगों की समय पर पहचान करने और शासन की योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित करना था।